PAK vs BAN: बांग्लादेश से तीसरा वनडे हारने के बाद पाकिस्तान ने अंपायरिंग फैसले पर शिकायत की। आखिरी ओवर में वाइड और DRS को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हुआ। पाकिस्तान का आरोप है कि बांग्लादेश ने रिप्ले देखने के बाद रिव्यू लिया।

पाकिस्तान और बांग्लादेश के बीच खेली गई वनडे सीरीज का आखिरी मुकाबला विवादों में घिर गया। ढाका में खेले गए निर्णायक तीसरे वनडे में पाकिस्तान को 11 रन से हार का सामना करना पड़ा, जिसके बाद टीम मैनेजमेंट ने अंपायरिंग फैसले पर आधिकारिक शिकायत दर्ज कराई है।

पाकिस्तान ने मैच रेफरी नियामुर राशिद से शिकायत करते हुए अंपायर कुमार धर्मसेना के फैसले पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि मैच के आखिरी ओवर में DRS लेने की प्रक्रिया सही तरीके से नहीं अपनाई गई।

सीरीज का फैसला करने वाला मुकाबला
सीरीज 1-1 की बराबरी पर थी और ढाका के शेर-ए-बांग्ला क्रिकेट स्टेडियम में तीसरा मैच निर्णायक बन गया था। पहले बल्लेबाजी करते हुए बांग्लादेश ने पाकिस्तान के सामने 291 रन का लक्ष्य रखा। लक्ष्य का पीछा करते हुए पाकिस्तान की टीम अंत तक लड़ती रही, लेकिन 11 रन से मैच हार गई।

पाकिस्तान के लिए कप्तान शाहीन अफरीदी की टीम में शानदार पारी सलमान आगा ने खेली। उन्होंने 98 गेंदों में 106 रन बनाए, लेकिन उनकी यह पारी भी टीम को जीत नहीं दिला सकी।

आखिरी ओवर में बढ़ा रोमांच
मैच का असली ड्रामा आखिरी ओवर में देखने को मिला। यह ओवर रिशाद हुसैन डाल रहे थे। पाकिस्तान को जीत के लिए अंतिम ओवर में 14 रन चाहिए थे। पहली चार गेंदों पर 2 रन बने थे। ऐसे में पाकिस्तान के लिए मुश्किल लग रहा था। अब पाकिस्तान को आखिरी 3 गेंदों पर 12 रन चाहिए थे। इसी दौरान पांचवीं गेंद पर रिशाद हुसैन की गेंद को अंपायर कुमार धर्मसेना ने वाइड करार दिया। लेकिन बांग्लादेश के गेंदबाज और विकेटकीपर लिटन दास को लगा कि गेंद बल्ले से लगी है।

DRS ने बदला फैसला
बांग्लादेश ने तुरंत DRS लिया। अल्ट्राएज में साफ स्पाइक दिखाई दिया, जिससे साबित हुआ कि गेंद बल्ले से लगी थी। इसके बाद वाइड का फैसला पलट गया। इस फैसले से पाकिस्तान के खिलाड़ी खास तौर पर शाहीन अफरीदी काफी नाराज नजर आए।

पाकिस्तान की शिकायत क्या है
रिपोर्ट्स के मुताबिक पाकिस्तान टीम मैनेजमेंट का कहना है कि बांग्लादेश ने DRS लेने से पहले स्टेडियम की बड़ी स्क्रीन पर रिप्ले देख लिया था। आमतौर पर नियम के मुताबिक किसी भी टीम को रिप्ले दिखाए जाने से पहले ही रिव्यू लेना होता है। पाकिस्तान का दावा है कि इस प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया।

इसके अलावा टीम ने यह भी सवाल उठाया है कि क्या बांग्लादेश ने 15 सेकंड की तय समय सीमा के अंदर रिव्यू लिया था या नहीं। टीवी प्रसारण में कोई टाइमर दिखाई नहीं दिया, इसलिए इसकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी। इस पूरे विवाद के बाद अब सभी की नजरें मैच रेफरी के फैसले पर टिकी हैं कि वह इस शिकायत पर क्या रुख अपनाते हैं।