सीबीएसई (CBSE) की 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाएं आज यानी 17 फरवरी 2026 से शुरू हो गई हैं।

सीबीएसई (CBSE) की 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाएं आज यानी 17 फरवरी 2026 से शुरू हो गई हैं। कक्षा 10वीं का पहला पेपर गणित (मैथ्स) का है, जबकि 12वीं के विद्यार्थियों के लिए बायोटेक्नोलॉजी और शॉर्टहैंड का पेपर आयोजित किया जा रहा है। बोर्ड ने परीक्षा से पहले सभी छात्रों के लिए जरूरी दिशा-निर्देश और एडवाइजरी जारी की है।

समय पर पहुंचना अनिवार्य
सीबीएसई ने स्पष्ट किया है कि सभी छात्रों को सुबह 10 बजे या उससे पहले अपने परीक्षा केंद्र पर पहुंचना होगा। समय से पहुंचने पर ही परीक्षा प्रक्रिया सुचारू रूप से शुरू हो सकेगी। देर से पहुंचने पर एंट्री में दिक्कत हो सकती है।

इस साल से 10वीं की परीक्षा दो बार
इस वर्ष से कक्षा 10वीं की बोर्ड परीक्षा साल में दो बार आयोजित की जाएगी। दूसरी परीक्षा 15 मई से 1 जून के बीच संभावित है। इससे छात्रों को अपने प्रदर्शन में सुधार का अतिरिक्त अवसर मिलेगा।

विषय से हटकर लिखा तो परीक्षा रद्द
बोर्ड ने साफ किया है कि छात्रों को वही प्रश्न पत्र दिया जाए जो उनके एडमिट कार्ड में दर्ज विषय और कोड के अनुसार हो। उदाहरण के लिए, यदि एडमिट कार्ड में मैथ्स स्टैंडर्ड लिखा है, तो छात्र को मैथ्स बेसिक का पेपर नहीं दिया जाएगा। यही नियम अंग्रेजी, हिंदी, संस्कृत, उर्दू जैसे अन्य विषयों पर भी लागू होगा।

यदि कोई छात्र ऐसे विषय की परीक्षा देता है जो उसके एडमिट कार्ड में दर्ज नहीं है, तो उसे उस विषय में “अनुपस्थित” माना जाएगा। ऐसी स्थिति में परीक्षा रद्द कर दी जाएगी और परिणाम उसी अनुसार तैयार होगा।

स्कूलों की भी होगी जिम्मेदारी
सीबीएसई ने स्कूलों को भी सख्त निर्देश दिए हैं कि वे बोर्ड के नियमों का पालन करें। यदि किसी स्कूल की लापरवाही के कारण छात्र को गलत विषय का प्रश्न पत्र दिया जाता है, तो संबंधित स्कूल के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

बोर्ड ने छात्रों से अपील की है कि वे परीक्षा से पहले अपना एडमिट कार्ड अच्छी तरह जांच लें और विषय कोड की पुष्टि कर लें। सही विषय और निर्देशों का पालन करना बेहद जरूरी है, ताकि परीक्षा परिणाम पर कोई नकारात्मक प्रभाव न पड़े।