आवारा कुत्तों के आतंक को लेकर हाईकोर्ट सख्त: स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव से मांगा शपथपत्र
स्कूल परिसरों में आवारा कुत्तों की बढ़ती घटनाओं पर हाईकोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है। छात्रा-शिक्षिकाओं को काटने की घटना पर जनहित याचिका की सुनवाई 9 जनवरी को होगी।
बिलासपुर हाईकोर्ट
पंकज गुप्ते- बिलासपुर। स्कूल परिसरों में आवारा जानवरों के बढ़ते खतरे को लेकर हाईकोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है। खमतराई स्थित एक प्राइमरी स्कूल में आवारा कुत्तों के घुसने और एक छात्र के साथ दो शिक्षिकाओं को काटने की घटना पर संज्ञान लेते हुए हाईकोर्ट ने इसे जनहित याचिका के रूप में सुना।
मीडिया रिपोर्ट के आधार पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने स्पष्ट कहा कि, बच्चों की सुरक्षा से कोई समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस मामले में स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव को व्यक्तिगत शपथ पत्र के साथ जवाब देने के निर्देश दिए गए हैं।
बच्चों को काट कर किया घायल
इसी बीच मंगलवार को सरकारी स्कूल में एक बच्ची को कुत्ते ने काट लिया, जबकि बस्ती में दो अन्य बच्चों को भी आवारा कुत्तों ने घायल कर दिया। वहीं तिफरा स्कूल परिसर में सांड समेत अन्य आवारा जानवरों की मौजूदगी का मामला भी सामने आया। इन ताजा घटनाओं को गंभीर मानते हुए चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस अरविंद कुमार वर्मा की डिवीजन बेंच ने स्वतः संज्ञान लेकर इन प्रकरणों को पहले से लंबित जनहित याचिका के साथ जोड़ दिया है।
9 जनवरी कोहोगी सुनवाई
इन सभी मामलों पर एक साथ शुक्रवार 9 जनवरी को सुनवाई की जाएगी। हाईकोर्ट ने शिक्षा सचिव से यह स्पष्ट करने को कहा है कि, स्कूल परिसरों में ऐसी घटनाएं क्यों हो रही हैं और उन्हें रोकने के लिए अब तक क्या कदम उठाए गए हैं। वहीं मुख्य सचिव को भी पूर्व आदेशों के पालन में नया शपथ पत्र पेश करने के निर्देश दिए गए हैं।