लोकसभा में राहुल गांधी ने फिर किया पूर्व आर्मी चीफ के किताब का जिक्र: सदन में हंगामा, सदन में पेपर उछालने वाले 8 सांसद निलंबित; NDA बैठक में PM का भव्य स्वागत; कार्यवाही स्थगित
लोकसभा में बजट सत्र के दौरान विपक्ष ने प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ नारेबाजी की, महज 8 मिनट में कार्यवाही स्थगित हो गई। दूसरी ओर, NDA बैठक में भारत-अमेरिका ट्रेड डील को लेकर पीएम मोदी का स्वागत हुआ।
NDA बैठक में भारत-अमेरिका ट्रेड डील को लेकर पीएम मोदी का स्वागत किया गया।
Budget Sesson Live Update: लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के संबोधन को लेकर लगातार दूसरे दिन भी सदन में भारी हंगामा देखने को मिला। मंगलवार दोपहर करीब 2 बजे राहुल गांधी ने पूर्व सेना प्रमुख की एक अप्रकाशित पुस्तक से जुड़े लेख का हवाला देते हुए इसे सदन के पटल पर रखने की कोशिश की और बोलने की अनुमति मांगी।
राहुल के खड़े होते ही एनडीए के सांसदों ने आपत्ति जताना शुरू कर दी। इस दौरान वे करीब 14 मिनट तक अपनी बात रखने का प्रयास करते रहे, लेकिन बार-बार टोकाटाकी के कारण भाषण आगे नहीं बढ़ पाया। राहुल गांधी ने सदन में कहा कि उन्हें बोलने की इजाजत नहीं दी जा रही है, जबकि वे विपक्ष के नेता हैं और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा गंभीर मुद्दा उठा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य भारत-चीन के बीच हुए घटनाक्रम को सामने रखना है और पूर्वी लद्दाख में शहीद हुए भारतीय जवानों का जिक्र करना है। बढ़ते हंगामे के बीच लोकसभा की कार्यवाही अंततः दोपहर 3 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।
इससे एक दिन पहले सोमवार को भी राहुल गांधी ने करीब 46 मिनट तक बोलने की कोशिश की थी। उस दौरान सदन की कार्यवाही तीन बार बाधित हुई। उनके भाषण के दौरान रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने 11 बार, गृह मंत्री अमित शाह ने 7 बार टोका था, जबकि केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने 2 बार और अनुराग ठाकुर ने 6 बार हस्तक्षेप किया था।
NDA संसदीय दल की बैठक में PM मोदी का स्वागत
इधर संसद परिसर में ही NDA की संसदीय दल की बैठक आयोजित की गई, जिसमें अमेरिका के साथ हुई ट्रेड डील को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जोरदार स्वागत किया गया। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने इस समझौते को “अद्भुत और ऐतिहासिक” करार दिया।
ट्रेड डील पर विपक्ष ने सरकार को घेरा
वहीं विपक्ष ने भारत-अमेरिका ट्रेड डील को लेकर सरकार पर सवाल खड़े किए। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि इस डील की घोषणा भी पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने की, ठीक उसी तरह जैसे पहले सीजफायर की जानकारी सामने आई थी। पार्टी का कहना है कि प्रधानमंत्री ने दबाव में आकर समझौता किया।
जेपी नड्डा बोले- अमेरिका ने खुद ही कम किया टैरिफ
भाजपा नेता जेपी नड्डा ने कहा कि अमेरिका ने टैरिफ में कटौती का फैसला खुद लिया है और इसमें भारत की मजबूती साफ झलकती है। उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष के पास कोई ठोस मुद्दा नहीं है और वह देश के विकास व व्यापार में रुचि लेने के बजाय सिर्फ राजनीति कर रहा है। नड्डा ने बताया कि पहले विपक्ष 50% टैरिफ को लेकर सवाल उठा रहा था, लेकिन कल देर रात राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने खुद ट्वीट कर टैरिफ 25% से घटाकर 18% करने का ऐलान किया और पीएम मोदी को एक मजबूत नेता बताया। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी ने इसके लिए ट्रम्प को धन्यवाद दिया है और सरकार कभी चर्चा से पीछे नहीं हटती, चाहे वह किसी भी मुद्दे पर हो। नड्डा ने आरोप लगाया कि विपक्ष का मौजूदा रवैया राष्ट्रहित के खिलाफ है।
कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने कहा कि सदन चलाना सरकार की जिम्मेदारी है।
सदन में पेपर उछालने वाले 8 सांसद निलंबित
राहुल गांधी के भाषण के दौरान सदन में जोरदार हंगामा देखने को मिला, जहां कई विपक्षी सांसद वेल तक पहुंच गए और कुछ सदस्यों ने पीठासीन अधिकारी की ओर कागज भी फेंके। स्थिति बिगड़ने पर स्पीकर ने कड़ा रुख अपनाते हुए अनुशासनहीनता के आरोप में 8 सांसदों को निलंबित कर दिया। निलंबित किए गए सांसदों में अमरिंदर सिंह राजा वडिंग, प्रशांत परोले, एस. वेंकटारमण, मणिकम टैगोर, किरण कुमार रेड्डी, हिबी ईडन और गुरजीत औजला शामिल हैं।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने इंडिया-यूएस ट्रेड डील को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर समझौता करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पीएम इस वक्त भारी दबाव में हैं और घबराए हुए नजर आ रहे हैं। राहुल ने कहा कि जो ट्रेड डील बीते चार महीनों से अटकी हुई थी, उसे अचानक कल शाम साइन किया गया, जिससे कई सवाल खड़े होते हैं। उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री की बनाई गई मजबूत छवि अब खतरे में है और यह 'इमेज का गुब्बारा' कभी भी फूट सकता है।
राहुल गांधी ने कहा कि यह समझौता किस दबाव में हुआ और किसने करवाया, इस पर देश की जनता को सोचने की जरूरत है। उन्होंने अमेरिका में अडानी समूह से जुड़े केस का जिक्र करते हुए कहा कि निशाना सिर्फ अडानी नहीं बल्कि प्रधानमंत्री के पूरे वित्तीय ढांचे पर है, साथ ही यह भी दावा किया कि एपस्टीन फाइल्स से जुड़ी और जानकारियां अभी सामने आना बाकी हैं।
लोकसभा में बोलते हुए, विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने कहा, "राष्ट्रपति के भाषण में एक बहुत ही जरूरी मामला राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा है। पाकिस्तानियों, चीनियों और हमारे बीच संबंध। इस लेख में एक बहुत ही जरूरी बात है जिसे मैंने वेरिफाई किया है। इसमें PM के रिएक्शन के बारे में बताया गया है। हमारे राष्ट्रपति का भाषण उस रास्ते के बारे में था जो भारत को अपनाना है। आज। दुनिया के मंच पर, अंतरराष्ट्रीय मामलों में मुख्य मुद्दा चीन और अमेरिका के बीच टकराव है। यह हमारे राष्ट्रपति के भाषण का मुख्य हिस्सा है। मैं बस इतना कह रहा हूं कि मुझे चीन और भारत के बीच क्या हुआ और हमारे PM ने इस पर कैसे रिएक्शन दिया, इस बारे में बयान देने दें। मुझे क्यों रोका जा रहा है?
BJP सांसदों ने राहुल गांधी के इस मुद्दे पर बोलने पर आपत्ति जताई।
अमेरिका से ट्रेड डील पर NDA सांसदों ने पीएम मोदी का स्वागत किया