अमरोहा में सांप्रदायिक तनाव: 15 साल पुराना समझौता टूटा, जमकर चले पत्थर और लहराए तमंचे; छावनी में तब्दील तेलीपुरा माफी

वर्तमान में गांव में शांति बनाए रखने के लिए पीएसी और भारी पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई है।
अमरोहा : अमरोहा जनपद के देहात थाना क्षेत्र स्थित तेलीपुरा माफी गांव में मंगलवार की सुबह मस्जिद में रस्मों को लेकर शुरू हुआ विवाद हिंसक झड़प में बदल गया।
देवबंदी और बरेलवी समुदाय के बीच वर्षों पुराने समझौते को तोड़ने के आरोप में दोनों पक्षों के बीच पहले तीखी नोकझोंक हुई, जिसने देखते ही देखते खूनी संघर्ष का रूप ले लिया।
उपद्रवियों ने न केवल लाठी-डंडों और धारदार हथियारों का इस्तेमाल किया, बल्कि सरेआम तमंचे लहराकर फायरिंग की कोशिश भी की, जिससे गांव में भारी तनाव फैल गया।
विवाद की जड़ और नई परंपरा का विरोध
तेलीपुरा माफी गांव में मस्जिद को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद काफी पुराना है। करीब 15 साल पहले प्रशासन की मौजूदगी में दोनों पक्षों ने लिखित समझौता किया था कि मस्जिद के भीतर कोई भी नई रस्म या परंपरा शुरू नहीं की जाएगी।
ताजा जानकारी के अनुसार, मंगलवार को एक पक्ष द्वारा कथित तौर पर इस समझौते का उल्लंघन कर नई रस्म शुरू करने की कोशिश की गई, जिसका दूसरे पक्ष ने कड़ा विरोध किया। यही विरोध कुछ ही पलों में हिंसक टकराव में तब्दील हो गया।
पथराव और जानलेवा हमले में कई घायल
संघर्ष के दौरान गांव की गलियां युद्ध का मैदान बन गईं। छतों से पत्थर फेंके गए और गलियों में लाठी-डंडे चले। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, इस दौरान अवैध हथियारों का प्रदर्शन किया गया और जानलेवा हमले हुए।
इस हिंसा में दोनों पक्षों के कई लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायलों को इलाज के लिए तुरंत जिला अस्पताल भेजा गया, जहां कुछ की हालत नाजुक बताई जा रही है। मौके पर पहुंची पुलिस ने संघर्ष कर रहे लोगों को खदेड़ने के लिए कड़ा बल प्रयोग किया।
पुलिस की सख्त कार्रवाई और दर्ज फिर
घटना के बाद अमरोहा पुलिस एक्शन मोड में है। ताजा अपडेट के मुताबिक, पुलिस ने इस मामले में सरेआम शांति भंग करने और हमला करने के आरोप में चार सगे भाइयों समेत कुल 10 लोगों को नामजद किया है।
पुलिस ने उपद्रवियों की पहचान के लिए स्थानीय वीडियो और सीसीटीवी फुटेज का सहारा लिया है। देहात थाना पुलिस का कहना है कि जो लोग तमंचे लहराते हुए पाए गए हैं, उन पर विशेष रूप से गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई करने पर विचार किया जा रहा है।
गांव में भारी पुलिस बल तैनात
वर्तमान में गांव में शांति बनाए रखने के लिए पीएसी और भारी पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई है। जिले के आला अधिकारियों ने गांव का दौरा किया है और दोनों पक्षों को सख्त चेतावनी दी है कि किसी भी सूरत में कानून व्यवस्था से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
गांव में अभी भी सन्नाटा पसरा हुआ है और सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस लगातार गश्त कर रही है ताकि अफवाहों के कारण माहौल दोबारा न बिगड़े।
