लखनऊ: उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग (UPESSC) ने प्रदेश के लाखों अभ्यर्थियों को बड़ी सौगात देते हुए UP-TET 2026 का आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी कर दिया है।
प्राथमिक (कक्षा 1 से 5) और उच्च प्राथमिक (कक्षा 6 से 8) स्तर के लिए यह परीक्षा आगामी 2, 3 और 4 जुलाई 2026 को आयोजित की जाएगी।
गौरतलब है कि साल 2021 के बाद से यह परीक्षा तकनीकी और प्रशासनिक कारणों से लंबित थी, जिससे अभ्यर्थियों में भारी असंतोष था। अब आयोग ने परीक्षा प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और हाई-टेक बनाने का दावा किया है।
महत्वपूर्ण तारीखें: 27 मार्च से शुरू होंगे ऑनलाइन आवेदन
आयोग द्वारा जारी शेड्यूल के मुताबिक, अभ्यर्थियों को आवेदन के लिए लगभग एक महीने का समय दिया गया है।
- ऑनलाइन पंजीकरण: 27 मार्च 2026 से शुरू।
- अंतिम तिथि: फॉर्म भरने और फीस जमा करने की आखिरी तारीख 26 अप्रैल 2026 है।
- संशोधन की अवधि: आवेदन में किसी भी त्रुटि सुधार या बैंक रिकंसिलिएशन के लिए 1 मई 2026 तक का समय दिया गया है।
- परीक्षा तिथि: 2, 3 और 4 जुलाई 2026।
फीस में बड़ा इजाफा: जनरल और ओबीसी को तगड़ा झटका
इस बार की शिक्षक पात्रता परीक्षा अभ्यर्थियों की जेब पर भारी पड़ने वाली है। आयोग ने फॉर्म फीस में 800 रुपये तक की भारी बढ़ोतरी की है।
सामान्य (General) और ओबीसी (OBC): दोनों पेपर के लिए फीस अब 2000 रुपये कर दी गई है (पिछली बार की तुलना में 800 रुपये अधिक)। यदि कोई अभ्यर्थी सिर्फ एक पेपर देना चाहता है, तो उसे 1000 रुपये देने होंगे।
SC/ST वर्ग: दोनों पेपर के लिए 1000 रुपये और एक पेपर के लिए 500 रुपये।
दिव्यांग अभ्यर्थी: इनके लिए भी फीस बढ़ाकर 600 रुपये (दोनों पेपर) कर दी गई है, जो पहले मात्र 100 रुपये थी।
परीक्षा का स्वरूप और 'नॉर्मलाइजेशन' की नई व्यवस्था
UP-TET 2026 की परीक्षा पूरी तरह ऑब्जेक्टिव (MCQ) आधारित होगी।
- समय: कुल 150 मिनट (2 घंटा 30 मिनट)।
- प्रश्न: कुल 150 सवाल पूछे जाएंगे, जिसमें प्रत्येक प्रश्न 1 अंक का होगा।
- नेगेटिव मार्किंग: अभ्यर्थियों के लिए राहत की बात यह है कि परीक्षा में कोई नेगेटिव मार्किंग नहीं होगी।
- शिफ्ट और नॉर्मलाइजेशन: आवेदन संख्या अधिक होने की स्थिति में परीक्षा कई शिफ्टों में कराई जाएगी। ऐसी स्थिति में अंकों को समान बनाने के लिए 'नॉर्मलाइजेशन' प्रक्रिया लागू की जाएगी, ताकि किसी भी शिफ्ट के अभ्यर्थी को नुकसान न हो।
OTR व्यवस्था और सुप्रीम कोर्ट का आदेशआयोग ने इस बार वन टाइम रजिस्ट्रेशन व्यवस्था को अनिवार्य कर दिया है। अभ्यर्थियों को सलाह दी गई है कि वे अंतिम तारीख का इंतजार किए बिना अपना पंजीकरण पूरा कर लें ताकि तकनीकी समस्याओं से बचा जा सके।
इसके अलावा, यह परीक्षा इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि सितंबर 2025 में सुप्रीम कोर्ट ने देश भर के सभी जूनियर हाईस्कूल तक के शिक्षकों के लिए TET पास करना अनिवार्य कर दिया था। यूपी सरकार की रिव्यू याचिका फिलहाल कोर्ट में है, लेकिन सुरक्षा के तौर पर सरकार ने इस परीक्षा को समय पर कराने का निर्णय लिया है।
पासिंग मार्क्स का नियम: जनरल के लिए 60% अनिवार्य
परीक्षा के उत्तीर्ण प्रतिशत में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
अनारक्षित वर्ग: 150 में से 90 अंक (60%) लाना अनिवार्य है।
आरक्षित वर्ग (SC/ST/OBC/दिव्यांग): न्यूनतम 82 अंक (55%) लाने वाले अभ्यर्थियों को ही पात्रता प्रमाण पत्र जारी किया जाएगा।









