कृष्णबाग कॉलोनी में दूषित पानी का कहर, बच्चों समेत चार लोग बीमार; मचा हड़कंप

कृष्णबाग कॉलोनी में दूषित पानी का कहर
शहर की कृष्णबाग कॉलोनी से दूषित पानी को लेकर एक गंभीर मामला सामने आया है, जिसने स्थानीय लोगों की चिंता बढ़ा दी है। कॉलोनी के एक परिवार का आरोप है कि घर में सप्लाई हो रहे गंदे पानी को पीने के बाद बच्चों समेत चार लोग अचानक बीमार पड़ गए। बीमार लोगों में छोटे बच्चे और एक बुजुर्ग महिला शामिल हैं, जिनकी हालत ने पूरे इलाके को डरा दिया है।
कृष्णबाग कॉलोनी के मकान नंबर 544 में रहने वाली रंजना पंवार ने बताया कि जैसे ही परिवार के सदस्यों ने नल का पानी पिया, कुछ ही देर में उल्टियां शुरू हो गईं। डेढ़ साल की बच्ची, पांच साल की बच्ची, आठ महीने का बच्चा और एक बुजुर्ग महिला की तबीयत बिगड़ गई। सभी में उल्टी, कमजोरी और असहजता जैसे लक्षण दिखाई दिए, जिसके बाद परिवार को उन्हें इलाज के लिए ले जाना पड़ा।
रंजना पंवार का आरोप है कि जब उन्होंने इस गंभीर मामले की शिकायत नगर निगम में की, तो कर्मचारियों ने मदद करने के बजाय सवाल-जवाब शुरू कर दिए। उनसे पूछा गया कि क्या सिर्फ उनके घर में ही लोग बीमार हुए हैं या किसी और को भी परेशानी हो रही है। इस रवैये से पीड़ित परिवार और ज्यादा आहत हो गया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि भागीरथपुरा में दूषित पानी से हुई मौतों के बाद भी नगर निगम ने कोई ठोस सबक नहीं लिया। अब कृष्णबाग कॉलोनी में भी वही हालात बनते नजर आ रहे हैं, लेकिन अब तक न तो पानी की सप्लाई रोकी गई है और न ही किसी तरह की जांच की जानकारी सामने आई है।
कॉलोनी में रहने वाली ज्योति सोलंकी ने भी बताया कि उनके घर में सास की तबीयत अचानक खराब हो गई है। डॉक्टरों ने बीमारी की वजह दूषित पानी को बताया है। उनका कहना है कि भागीरथपुरा के बाद अब कृष्णबाग कॉलोनी में भी लोग बीमार पड़ने लगे हैं, लेकिन नगर निगम की ओर से हालात सुधारने की कोई गंभीर कोशिश नजर नहीं आ रही।
स्थानीय निवासियों का आरोप है कि वे लगातार हेल्पलाइन पर शिकायतें कर रहे हैं, लेकिन स्थिति जस की तस बनी हुई है। लोगों के मन में अब यह सवाल उठने लगा है कि क्या नगर निगम किसी और बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है, या समय रहते इस गंभीर समस्या पर ठोस कदम उठाए जाएंगे।
