Logo
election banner
Farmers Protest: खनौरी बॉर्डर पर बवाल के बीच युवा किसान शुभकरण सिंह की गोली लगने से मौत हो गई। शुभकरण की फैमिली के लिए एक करोड़ की मुआवजा राशि और सरकारी नौकरी का ऐलान हो चुका है। अब सवाल उठ रहा है कि बवाल को रोकने के प्रयास में जिन पुलिसकर्मियों ने जान गंवाई, उनकी फैमिली को कितनी मुआवजा राशि मिलेगी। पढ़िये शहादत पर पुलिसकर्मियों को कितनी राशि मिलती है?

पंजाब-हरियाणा के खनौरी बॉर्डर पर मारे गए युवा किसान शुभकरण सिंह के परिवार के लिए पंजाब की भगवंत मान सरकार ने एक करोड़ की मुआवजा राशि का ऐलान किया है। साथ ही, शुभकरण की बहन को भी सरकारी नौकरी दी जाएगी। पंजाब सरकार के इस फैसले को लेकर सोशल मीडिया पर लोग विभिन्न प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। कुछ यूजर्स पंजाब सरकार के फैसले की सराहना कर रहे हैं, तो कई आलोचना भी कर रहे हैं। इनमें से कई यूजर्स ऐसे भी हैं, जो जानना चाहते हैं कि किसान आंदोलन की आड़ में बवाल करने वालों को रोकने के प्रयास में जिन पुलिसकर्मियों की मौत हुई, उन्हें कितना मुआवजा मिलेगा। तो चलिये बताते हैं कि शहीद पुलिसकर्मियों के लिए कितना मुआवजा राशि मिलेगी। इससे पहले बताते हैं कि अब तक कितने जवान इस आंदोलन में जान गंवा चुके हैं।

किसान आंदोलन में 3 जवानों की मौत, एक को ब्रेन हैमरेज

हरियाणा पुलिस ने दावा किया है कि इस किसान आंदोलन में अब तक दो पुलिसकर्मियों की मौत हो चुकी है, जबकि एक जवान का ब्रेन हैमरेज हुआ है। साथ ही, 20 पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं। उधर, मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो पंजाब पुलिस के एक जवान की भी मौत हुई है। पंजाब पुलिस ने बताया कि डीएसपी दिलप्रीत खनौरी बॉर्डर पर तैनात थे। सुबह जिम में चेस्ट की शिकायत के बाद उन्हें लुधियाना के अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनकी मौत हो गई।

शुभकरण सिंह को शहीद का दर्जा दिया

खनौरी बॉर्डर पर जान गंवाने वाले युवा किसान शुभकरण सिंह को पंजाब सरकार ने शहीद का दर्जा दे दिया है। आम आदमी पार्टी ने कहा है कि शुभकरण को शहीद करने वालों पर सख्त एक्शन लिया जाएगा। साथ ही, किसानों को भरोसा दिया कि आम आदमी पार्टी हमेशा से उनके साथ खड़ी रहेगी।

शहीद पुलिसकर्मियों के लिए कोई बयान नहीं

किसान आंदोलन को लेकर राजनीतिक चश्मे से देखने वाले दल पुलिसकर्मियों की शहादत को लेकर खामोश हैं। यही कारण है कि सोशल मीडिया पर लोग सवाल पूछ रहे हैं कि अगर शुभकरण के परिवार को एक करोड़ का मुआवजा और उसकी बहन को सरकारी नौकरी दे रहे हैं, तो शहीद पुलिसकर्मियों के परिवारों को कितनी आर्थिक मदद देंगे। विड़बना यह है कि इस सवाल का जवाब अभी तक सामने नहीं आया है।

हरियाणा में पुलिसकर्मी की शहादत पर कितनी मुआवजा राशि

इस किसान आंदोलन में अब तक हरियाणा के दो पुलिसकर्मियों की मौत हो चुकी है, जबकि एक को ब्रेन हैमरेज हुआ है। मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो हरियाणा में पुलिसकर्मी के शहीद होने पर परिजनों को एक करोड़ रुपये की मुआवजा राशि दी जाती है। दरअसल, हरियाणा पुलिस ने पिछले साल एचडीएफसी बैंक के बीच समझौता किया था। दुर्घटना मृत्यु बीमा कवर समझौते के तहत पुलिसकर्मी की मृत्यु के उपरांत परिवार को एक करोड़ रुपये की मुआवजा राशि देने के साथ ही बच्चों की शिक्षा के लिए पांच लाख रुपये अलग दिए जाएंगे। वहीं, हादसे में मौत होने पर 90 लाख रुपये की मुआवजा राशि है।

यही नहीं, स्पेशल पुलिस ऑफिसर (एसपीओ) और अनुबंध पर लगे कर्मचारियों के लिए भी मुआवजा राशि में बढ़ोतरी की गई थी। हादसे में मौत पर 50 लाख रुपये और प्राकृतिक मौत के मामले में पीड़ित परिवार को 3.25 लाख रुपये की मुआवजा राशि दी जाएगी। बता दें कि पहले इन दोनों श्रेणियों में पीड़ित परिवारों को किसी भी प्रकार की मुआवजा राशि नहीं मिलती थी।

jindal steel Ad
5379487