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रायपुर। किर्गिस्तान में किसी भारतीय छात्र के साथ कोई घटना या हिंसा नहीं हुई। यह देश हमेशा से भारतीयों के लिए सुरक्षित रहा है। हमेशा सुरक्षित ही रहेगा, यह मैं भरोसा दिलाता हूं। यहां की पुलिस, यहां का प्रशासन सब भारतीयों के लिए दोस्ताना हैं। ऐसे में कोई खतरा हमें महसूस नहीं होता। यह बातें ऐसे में कोई किर्गिस्तान में भारतीय राजदूत अरुण कुमार चटर्जी ने हरिभूमि-आईएनएच के प्रधान संपादक डॉ. हिमांशु द्विवेदी से खास बातचीत में कही। उन्होंने कहा कि किर्गिस्तान हमेशा से भारत के लिए सुरक्षित रहा है। किसी भी विद्यार्थी के पालकों को चिंता करने की कोई जरूरत नहीं है। प्रस्तुत हैं चर्चा के प्रमुख अंशः 

भारतीय राजदूत अरुण कुमार चटर्जी से हरिभूमि आईएनएच के प्रधान संपादक डॉ. हिमांशु द्विवेदी की खास बातचीत

■ कितने तनाव में हैं और कितने परेशान हैं आप ? 

■ किसी भी तरह के तनाव में फिलहाल नहीं हैं। इस समय स्थिति बिल्कुल सामान्य है। 

■ अगर तनाव नहीं है तो भारत में 17 हजार विद्यार्थियों के मां-बाप परेशान हो गए, आखिर कारण क्या रहा ? 

■ जब 13 मई को घटना घटी उसका तो पता नहीं चला, लेकिन 17 मई को जब घटना हुई तो हमारे पास खबर आई कि शहर में स्थिति नाजुक बनी हुई है। हमें जानकारी मिली पहले 13 मई को जो घटना घटी थी, उससे इस घटना का संबंध है। बाद में सोमवार, मंगलवार तक स्थिति काबू में आ गई। हमारी लगातार स्थानीय प्रशासन से बात होती रही। उन्होंने हमसे कहा, देखिए चिंता न करें, हम सारे बच्चों की सुरक्षा की ध्यान रखे हुए हैं। लेकिन हुआ यह कि सोशल मीडिया में तरह-तरह की सूचनाएं आई इसके कारण भारत में विद्यार्थियों के परिजनों को चिंता हुई। हमारे पास भी भारत से फोन आने लगे। पहले हमारे पास एक नंबर था, ज्यादा फोन आने लगे तो एक और नंबर दिया गया। इन लाइनों से हम लगातार छात्रों और उनके परिजनों के संपर्क में बने रहे।

■ स्थानीय प्रशासन का दावा है एक भी मौत नहीं हुई है, किसी का रेप नहीं हुआ है, किसी भारतीय को कोई चोट नहीं आई है, जो भी 29 घायल हुए ए हैं वो दूसरे रे देशों के है, कितनी सच्चाई है इन दावों में?

■ हमारे पर ऐसी कोई सूचना नहीं आई है कि किसी भारतीय के साथ कुछ हुआ है। हमारे पास जो खबर आई उसमें भी यही था कि हमारे विद्यार्थियों के साथ कुछ नहीं हुआ है वो सभी सुरक्षित हैं। बच्चे हमें फोन करते थे, वो पैनिक थे। हमें जानकारी मिलती थी कि कोई परेशानी में है तो हम लोकल प्रशासन को सूचना देते थे, वहां तत्काल पुलिस पहुंचकर मदद भी करती थी। 

■ भारतीयों के लिए यह देश कितना अनुकूल है ?

■ बहुत ही अनुकूल देश है। दिल्ली से महज ढाई घंटे की दूरी पर है। आम आदमी भी भारतीयों के लिए अच्छा नजरिया और सम्मान है। भारतीय संस्कृति से भी यहां बहुत लोग प्यार करते हैं। हमारे यहां योग की क्लास चलती है। कथक सीखते हैं। 

▶ किर्गिस्तान कितना सुरक्षित हैं भारतीयों के लिए। अभी आना चाहिए, या कुछ रुक कर आना चाहिए? 

▶ पूरी तरह से सुरक्षित है। किसी भी तरह से डर का सवाल नहीं है। भारतीय पर्यटक भी यहां पर आराम से आ सकते हैं। 

▶ भारत के 17 हजार विद्यार्थियों के पालकों को क्या कहना चाहते हैं आप?

आपके जो भी बच्चे यहां पर पढ़ रहे हैं, वो समी पूरी तरह से सुरक्षित हैं। किसी भी तरह से चिंता करने की जरूरत नहीं है। फाइनल के विद्यार्थियों की परीक्षा चल रही है। हम लोग उम्मीद करते हैं कि सारे बच्चे यहां से पास होकर डॉक्टर बनकर भारत पहुंच जाए। जो बच्चे फर्स्ट और सेकंड ईयर में हैं, उनकी ऑनलाइन क्लास चल रही है।