सुकमा में 26 नक्सलियों का समर्पण: इनमें 7 लड़कियां, इन पर कुल 64 लाख रुपये का था ईनाम

26 माओवादियों का ऐतिहासिक आत्मसमर्पण
लीलाधर राठी - सुकमा। छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले से एक बड़ी खबर सामने आई है। जहां पूना मार्गेम: पुनर्वास से पुनर्जीवन-बदलाव की नई शुरुआत हो चुकि है। अब पूना मार्गेम अभियान से माओवादियों का नेटवर्क टूट चुका है।
मिली जानकारी के अनुसार, 07 महिला समेत 26 माओवादियों का ऐतिहासिक आत्मसमर्पण हुआ है। जिन पर 64 लाख का ईनाम था। आत्मसमर्पित माओवादियों में PLGA बटालियन, दक्षिण बस्तर डिवीजन, माड़ डिवीजन और AOB क्षेत्र में सक्रिय रहे हैं। इनमें CYPCM-01, DVCM -01, PPCM-03,ACM- 03 और Party Member-18 रैंक हैं। आपको यह भी बता दें कि, इनमें सुकमा जिला, माड़ क्षेत्र और सीमावर्ती ओड़िशा के कई बड़ी वारदातों में शामिल रहे हैं।
सुकमा जिले में 7 महिला समेत 26 माओवादियों ने आत्मसमर्पण किया है। जिन पर 64 लाख का इनाम था। @SukmaDist @SukmaDistrict #Chhattisgarh #Naxalism #naxalsurrender pic.twitter.com/NLwRIrKv9E
— Haribhoomi (@Haribhoomi95271) January 7, 2026
सरकार के अभियान से नक्सल संगठन समाप्ति की ओर
गौरतलब है कि, छत्तीसगढ़ शासन की 'छत्तीसगढ़ नक्सलवादी आत्मसमर्पण पुनर्वास नीति' और ‘'पूना मार्गेम' पुनर्वास से पुनर्जीवन अभियान से प्रभावित होकर पुनर्वास किया गया। वहीं अंदरूनी क्षेत्रों में लगातार नवीन सुरक्षा कैंपों की स्थापना और तेज नक्सल ऑपरेशन से मिल रही लगातार सफलताओ से माओवादी संगठन अब समाप्ति की ओर है। जिससे अब बस्तर संभाग में विकास की नई राह भी खुल चुकि है।
