राजीव भवन पहुंचे विकास तिवारी: झीरम के शहीदों को नमन कर कारण बताओ नोटिस का लिखित में दिया जवाब

जवाब लेकर कांग्रेस कार्यालय पहुंचे पूर्व प्रदेश प्रवक्ता विकास तिवारी
रायपुर। झीरम घाटी हमले को लेकर कांग्रेस के पूर्व प्रदेश प्रवक्ता विकास तिवारी ने अपने ही नेताओं के नार्को टेस्ट कराने की मांग की थी। जिसके बाद निष्कासित कांग्रेस प्रवक्ता विकास तिवारी को पीसीसी चीफ दीपक बैज ने कारण बताओ जारी किया था। जिसके बाद सोमवार को वे नोटिस का जवाब देने कांग्रेस प्रदेश कार्यलय पहुंचे। जहां सबसे पहले उन्होंने झीरम घाटी में शहीद नेताओं को श्रद्धांजलि दी और लिखित में अपना जवाब पेश किया। उन्होंने दावा किया कि उनके पास ऐसे ठोस सबूत हैं, जिनके आधार पर इस मामले में कई बड़े चेहरों का सच सामने आ सकता है। वे केवल सच्चाई सामने लाना चाहते हैं। इसी उद्देश्य से उन्होंने जांच एजेंसियों को पत्र लिखा था।
दरअसल, बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने झीरम घाटी नक्सली नरसंहार को लेकर कांग्रेस नेताओं की भूमिका पर सवाल उठाए थे और उनकी संलिप्तता का दावा किया था। वरिष्ठ प्रवक्ता विकास तिवारी ने बयान दे दिया कि झीरम घाटी मामले की जांच कर रहे न्यायिक आयोग को बीजेपी नेताओं के साथ-साथ पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और कांग्रेस नेता कवासी लखमा का भी नार्को टेस्ट कराना चाहिए। इस बयान के बाद कांग्रेस के भीतर तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिली। कई नेताओं ने इसे पार्टी अनुशासन के खिलाफ बताते हुए तिवारी पर कार्रवाई की मांग कर दी। विवाद बढ़ता देख आखिरकार पार्टी नेतृत्व ने उन्हें प्रवक्ता पद से हटा दिया।
झीरम घाटी हमले को लेकर कांग्रेस के पूर्व प्रदेश प्रवक्ता विकास तिवारी ने अपने ही पार्टी के सीनियर नेताओं के नार्को टेस्ट कराने की मांग की थी। जिसके बाद आज वो लिखित में अपना जवाब लेकर पार्टी कार्यालय पहुंचे। pic.twitter.com/pr1gFuNqO5
— Haribhoomi (@Haribhoomi95271) January 5, 2026
बैज के निर्देश के बाद किया गया निष्कासित
इसी बयान के बाद कांग्रेस संगठन में बवाल मच गया। पीसीसी चीफ दीपक बैज के निर्देश पर पार्टी के प्रभारी महामंत्री मलकीत सिंह गैंदू ने आदेश जारी कर विकास तिवारी को प्रवक्ता पद से हटाते हुए कारण बताओ नोटिस थमाया है।
