दशकों बाद वक्फ संपत्ति कब्जामुक्त: अंजुमन इस्लामिया को मिली बड़ी राहत, बिना विवाद पूरी हुई कानूनी कार्यवाही

दशकों बाद वक्फ संपत्ति कब्जा मुक्त
अनिल सामंत- जगदलपुर। वक्फ संपत्तियों पर दशकों से चले आ रहे अवैध कब्जों के विरुद्ध एक बड़ी और निर्णायक कार्रवाई करते हुए गुरुवार को अंजुमन इस्लामिया कमेटी जगदलपुर जिला–बस्तर की लंबे समय से कब्जे में रही संपत्ति को मुक्त कराया गया। यह कार्रवाई वक्फ बोर्ड के मार्गदर्शन में पूरी तरह कानूनी प्रक्रिया के तहत शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई,जिससे वर्षों से चला आ रहा विवाद समाप्त हो सका।
अंजुमन इस्लामिया कमेटी के कार्यालय एवं जामा मस्जिद से लगी वह दुकान, जिसे वर्षों पूर्व किराये पर दिया गया था, दशकों से किरायेदार परिवार के कब्जे में बनी हुई थी। समय-समय पर कमेटियां बदलती रहीं, प्रशासनिक प्रयास हुए, यहां तक कि पूर्व में गठित एडहाक कमेटी के प्रयास भी सफल नहीं हो सके, लेकिन कब्जा जस का तस बना रहा। इस दौरान किराया भी वर्षों से अदा नहीं किया गया।

एडहाक कमेटी ने कानूनी रूप से मामले को आगे बढ़ाया : डॉ. सलीम राज
वक्फ बोर्ड अध्यक्ष डॉ. सलीम राज ने कहा- वर्तमान एडहाक कमेटी ने वक्फ बोर्ड के स्पष्ट मार्गदर्शन में मामले को कानूनी रूप से आगे बढ़ाया। किसी प्रकार के विवाद, झगड़े या तनाव के बिना नियमानुसार कार्रवाई करते हुए दुकान को कब्जामुक्त कराया गया। यह कार्रवाई न केवल वक्फ संपत्तियों की सुरक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है,बल्कि इससे यह संदेश भी गया है कि अब ऐसे मामलों में विधिसम्मत और निर्णायक कार्यवाही की जाएगी।
एक दुकान पर है अवैध कब्जा
विदित हो कि इसी परिसर से लगी एक अन्य दुकान पर भी अवैध कब्जा है, जिसे खाली करने के लिए नियत समय सीमा निर्धारित की गई है। समाज में इस पूरी प्रक्रिया को लेकर संतोष और भरोसे का वातावरण है तथा भविष्य में भी वक्फ संपत्तियों को अवैध कब्जों से मुक्त कराने की मांग जोर पकड़ रही है।
कैसे-कैसे हुई कार्रवाई
अंजुमन इस्लामिया कमेटी की संपत्ति पर दशकों से चला आ रहा अवैध कब्जा पूर्व की कई कमेटियों और प्रशासनिक प्रयासों के बावजूद नहीं हट पाया था। वर्तमान एडहाक कमेटी ने वक्फ बोर्ड के मार्गदर्शन में कानूनी प्रक्रिया अपनाई और बिना किसी विवाद या टकराव के दुकान को कब्जामुक्त कराया। इसी परिसर से लगी एक अन्य दुकान को खाली करने के लिए 16 फरवरी 2026 तक की समय-सीमा तय की गई है। वक्फ बोर्ड के अनुसार भविष्य में भी ऐसी सभी संपत्तियों को विधिपूर्वक कब्जामुक्त कराने की कार्रवाई जारी रहेगी।
