RJD में 'ताजपोशी' के साथ ही गृहयुद्ध?: तेजस्वी बने कार्यकारी अध्यक्ष तो बहन रोहिणी ने उठाए सवाल, तेजप्रताप यादव ने भी दी नसीहत!

तेजस्वी बने राजद के कार्यकारी अध्यक्ष तो बहन रोहिणी ने कसा तंज।
Tejashwi Yadav RJD Working President: राष्ट्रीय जनता दल (RJD) में संगठनात्मक बदलाव के साथ ही यादव परिवार के भीतर मतभेद खुलकर सामने आने लगे हैं। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव को पार्टी का कार्यकारी अध्यक्ष बनाए जाने के फैसले ने सियासी हलकों में नई चर्चा छेड़ दी है। जहां एक ओर इसे पीढ़ीगत बदलाव के रूप में देखा जा रहा है, वहीं परिवार के कुछ सदस्यों की प्रतिक्रियाओं ने इस फैसले को और विवादों में ला दिया है।
रोहिणी आचार्य का तेजस्वी यादव पर तंज
तेजस्वी यादव को कार्यकारी अध्यक्ष बनाए जाने के बाद रोहिणी आचार्य ने सोशल मीडिया पर तीखा व्यंग्य किया। उन्होंने इस फैसले को लालू यादव के राजनीतिक दौर के समापन से जोड़ते हुए नेतृत्व परिवर्तन पर सवाल उठाए। उनका बयान राजद के भीतर असहजता की वजह बना और इसे पारिवारिक असंतोष के रूप में देखा गया।
पहले पोस्ट में रोहिणी यादव ने लिखा कि जो सही मायनों में लालूवादी होगा, जिस किसी ने भी लालू जी के द्वारा, हाशिए पर खड़ी आबादी - वंचितों के हितों के लिए मजबूती से लड़ने वाली, खड़ी की गयी पार्टी के लिए निःस्वार्थ भाव से संघर्ष किया होगा।
जो सही मायनों में लालूवादी होगा, जिस किसी ने भी लालू जी के द्वारा, हाशिए पर खड़ी आबादी - वंचितों के हितों के लिए मजबूती से लड़ने वाली, खड़ी की गयी पार्टी के लिए निःस्वार्थ भाव से संघर्ष किया होगा, जिस किसी को भी लालू जी के द्वारा सामाजिक - आर्थिक न्याय के लिए किए गए सतत संघर्ष…
— Rohini Acharya (@RohiniAcharya2) January 25, 2026
दूसरे पोस्ट में रोहिणी ने तेजस्वी यादव पर तीखा वार किया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, ''सियासत के शिखर - पुरुष की गौरवशाली पारी का एक तरह से पटाक्षेप, ठकुरसुहाती करने वालों और 'गिरोह - ए - घुसपैठ' को उनके हाथों की 'कठपुतली बने शहजादा' की ताजपोशी मुबारक।''
सियासत के शिखर - पुरुष की गौरवशाली पारी का एक तरह से पटाक्षेप , ठकुरसुहाती करने वालों और " गिरोह - ए - घुसपैठ " को उनके हाथों की "कठपुतली बने शहजादा" की ताजपोशी मुबारक ..
— Rohini Acharya (@RohiniAcharya2) January 25, 2026
तेजप्रताप यादव की पहली प्रतिक्रिया
तेजस्वी यादव के बड़े भाई और जन शक्ति जनता दल के प्रमुख तेजप्रताप यादव ने इस मुद्दे पर संयमित प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि जब किसी को जिम्मेदारी दी जाती है तो उसे पूरी निष्ठा से निभाना चाहिए। तेजप्रताप ने साफ शब्दों में कहा कि तेजस्वी को जो दायित्व सौंपा गया है, उसे निभाना उनकी जिम्मेदारी है और इससे ज्यादा कुछ कहने की जरूरत नहीं है।
रोहिणी आचार्य के बयान पर तेजप्रताप का समर्थन
तेजप्रताप यादव ने अपनी बहन रोहिणी आचार्य के सोशल मीडिया पोस्ट पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि रोहिणी ने जो कहा है, वह उनकी सोच है और यदि पार्टी नेतृत्व ने यह फैसला लिया है तो उसके पीछे कोई ठोस कारण रहा होगा। उन्होंने यह भी कहा कि परिवार और पार्टी के लोग आगे बढ़ रहे हैं, यह सकारात्मक संकेत है।
तेजस्वी को मिला मीसा भारती का साथ
वहीं, लालू परिवार की सबसे बड़ी बेटी और राज्यसभा सांसद मीसा भारती ने तेजस्वी यादव के पक्ष में बयान दिया। उन्होंने कहा कि पार्टी के लिए यह खुशी का अवसर है और अब राजद में अध्यक्ष और कार्यकारी अध्यक्ष दोनों की भूमिका स्पष्ट हो गई है। मीसा भारती ने भरोसा जताया कि पार्टी तेजस्वी के नेतृत्व में मजबूती से आगे बढ़ेगी।
राजद में नए युग की शुरुआत
1997 में पार्टी की स्थापना के बाद से लालू प्रसाद यादव राष्ट्रीय अध्यक्ष की भूमिका में रहे हैं। तेजस्वी यादव को कार्यकारी अध्यक्ष बनाए जाने के साथ ही राजद में नेतृत्व परिवर्तन की औपचारिक शुरुआत मानी जा रही है। हालांकि, परिवार के भीतर सामने आ रहे मतभेद यह संकेत दे रहे हैं कि पार्टी के सामने संगठन को एकजुट रखना सबसे बड़ी चुनौती होगी।
