पटना: दही-चूड़ा भोज बना सियासी मंच, चिराग और चेतन के यहां पहुंचे CM नीतीश, क्या है इसके मायने?

मकर संक्रांति पर CM नीतीश कुमार चिराग पासवान और चेतन आनंद के घर पहुंचे।
Bihar News: मकर संक्रांति के अवसर पर बिहार की राजनीति में दही-चूड़ा भोज ने इस बार अलग ही रंग दिखाया। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने एक ही दिन में कई राजनीतिक ठिकानों पर पहुंचकर न सिर्फ परंपरा निभाई, बल्कि गठबंधन के भीतर संदेश भी साफ कर दिया। चिराग पासवान से लेकर चेतन आनंद तक उनकी मौजूदगी को NDA की बढ़ती मजबूती के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है।
चिराग पासवान के यहां पहुंचे CM नीतीश
केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के नेता चिराग पासवान द्वारा आयोजित दही-चूड़ा भोज में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की शिरकत खास मानी जा रही है। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम स्थल पर मौजूद नेताओं, कार्यकर्ताओं और मीडिया को अभिवादन किया। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह मुलाकात NDA में आपसी तालमेल और विश्वास के मजबूत होते रिश्तों को दर्शाती है।
Patna, Bihar: Union Minister Chirag Paswan hosted a dahi-chura feast at the party office.
— IANS (@ians_india) January 15, 2026
Chief Minister Nitish Kumar, accompanied by Minister Vijay Choudhary, attended the event. pic.twitter.com/NPfsMjT06M
चेतन आनंद के घर भी दी दस्तक
इसके बाद मुख्यमंत्री जदयू विधायक चेतन आनंद के आवास पहुंचे, जहां वे कुछ देर रुके। इस दौरान जदयू प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा और PHED मंत्री संजय कुमार भी मौजूद रहे। चेतन आनंद ने बताया कि मुख्यमंत्री का आशीर्वाद मिलना उनके लिए सम्मान की बात है और उन्होंने सभी दलों के नेताओं को भोज का आमंत्रण भेजा था।
Patna, Bihar: Chief Minister Nitish Kumar attends the Dahi -Chura feast at MLA Chetan Anand’s official residence. pic.twitter.com/H9E2vELHmh
— IANS (@ians_india) January 15, 2026
मंत्रिमंडल विस्तार पर संतुलित बयान
मीडिया द्वारा मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर पूछे गए सवाल पर चेतन आनंद ने बेहद सधे हुए शब्दों में प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि किसी भी पद को लेकर उनकी कोई जल्दबाजी या अपेक्षा नहीं है और निर्णय परिस्थितियों के अनुसार लिया जाएगा। इस बयान को राजनीतिक संतुलन साधने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।
आनंद मोहन की रिहाई से बदले सियासी समीकरण
चेतन आनंद और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के रिश्तों की मजबूती की एक बड़ी वजह आनंद मोहन की रिहाई भी मानी जाती है। इसके बाद फ्लोर टेस्ट के दौरान चेतन आनंद का नीतीश कुमार के समर्थन में आना बिहार की राजनीति में अहम मोड़ साबित हुआ था।
14 जनवरी का पूरा सियासी गणित
मकर संक्रांति के दिन तेजप्रताप यादव के आवास पर हुए दही-चूड़ा भोज में लालू प्रसाद यादव, राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान और कई वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी ने अलग राजनीतिक संकेत दिए। वहीं पूर्व मंत्री रत्नेश सदा के यहां आयोजित भोज में भी मुख्यमंत्री और NDA के नेता शामिल हुए।
