IND vs NZ T20: भारत को जीत के साथ मिले कई सवालों के जवाब, सूर्या फिर चमके...ईशान के रूप में मिला बोनस

IND vs NZ T20I series: भारत को न्यूजीलैंड के खिलाफ सीरीज जीत से कई सवालों के जवाब मिले।
IND vs NZ T20I: भारत ने 2026 टी20 वर्ल्ड कप से पहले अपनी आखिरी टी20 सीरीज 4-1 से जीत ली। भले ही न्यूज़ीलैंड इस सीरीज में पूरी ताकत के साथ नहीं उतरा हो लेकिन भारत के लिए यह सीरीज कई सवालों के जवाब ढूंढने के लिहाज़ से बेहद अहम थी। और सबसे बड़ी राहत की बात ये रही कि टीम इंडिया को कई सवालों के जवाब मिलते दिखे।
सबसे बड़ा पॉजिटिव रहा सूर्यकुमार यादव। लंबे समय से खराब फॉर्म से जूझ रहे सूर्या ने इस सीरीज में ज़बरदस्त वापसी की। इससे पहले 25 टी20 मैचों में वह सिर्फ 244 रन बना पाए थे, औसत 12 और स्ट्राइक रेट 117 के आसपास था। फुल लेंथ गेंदों पर उनकी कमजोरी साफ दिख रही थी और ज़्यादातर बार वह शुरुआत में ही आउट हो जा रहे थे लेकिन ब्रेक के बाद उन्होंने अपनी बल्लेबाज़ी पर काम किया, शुरुआत में थोड़ा वक्त लेने का फैसला किया और नतीजा सबके सामने था।
Many congratulations to the men in blue for clinching the series 4-1
— MithunManhas5 (@MithunManhas) January 31, 2026
IndvsNz T-20 https://t.co/AEQOEaQPRk
इस सीरीज में उन्होंने तीन अर्धशतक लगाए। एक नाबाद 82 रन की पारी खेली और 5 मैचों में 242 रन ठोक दिए। स्ट्राइक रेट रहा करीब 197 का रहा। फुल गेंदों पर स्ट्राइक रेट भी 217 तक पहुंच गया।
संजू के फॉर्म ने बढ़ाई चिंता
दूसरी तरफ संजू सैमसन के लिए यह सीरीज बेहद निराशाजनक रही। ओपनर के तौर पर पूरे 5 मैच खेलने के बावजूद वह सिर्फ 46 रन ही बना सके। उनके शॉट सेलेक्शन और मूवमेंट में आत्मविश्वास की कमी साफ दिखी। हालांकि टीम मैनेजमेंट के लिए राहत की बात यह रही कि ईशान किशन ने इस मौके को दोनों हाथों से लपक लिया।
A fantastic finish to the T20I series in Trivandrum 🏟️🥳#TeamIndia register a 46-run victory and win the T20I series 4⃣-1⃣ 👏👏
— BCCI (@BCCI) January 31, 2026
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ईशान बोनस के रूप में मिले
ईशान किशन ने टी20 विश्व कप की प्लेइंग-11 में विकेटकीपर-बल्लेबाज़ के तौर पर दमदार दावा पेश किया। रायपुर में 32 गेंदों पर 76 रन, गुवाहाटी में तेज़ 28 और फिर तिरुवनंतपुरम में 43 गेंदों पर शानदार शतक, ईशान ने साफ कर दिया कि वह वर्ल्ड कप में पहली पसंद बनने के लिए तैयार हैं। भले ही वह और अभिषेक शर्मा दोनों बाएं हाथ के बल्लेबाज़ हों लेकिन संजू और ईशान के बीच फर्क इतना बड़ा दिखा कि यह मुद्दा पीछे छूटता नजर आया।
रिंकू-शिवम ने फिनिशर का रोल अच्छा निभाया
मिडिल ऑर्डर में रिंकू सिंह और शिवम दुबे ने भी अपनी अहमियत साबित की। रिंकू ने नागपुर में मुश्किल हालात में नाबाद 44 रन बनाकर टीम को 238 तक पहुंचाया और फील्डिंग में भी कमाल किया। वहीं, दुबे ने बल्ले से तूफानी पारियां खेलीं और गेंद से भी योगदान दिया। नंबर-8 तक बल्लेबाज़ी की सोच में दुबे की सीम गेंदबाज़ी भारत के लिए बड़ी ताकत बन सकती है।
बॉलिंग कॉम्बिनेशन भी फिक्स हुआ
गेंदबाज़ी संयोजन को लेकर भी तस्वीर साफ होती दिखी। कप्तान सूर्यकुमार ने संकेत दिए कि वर्ल्ड कप में भारत दो स्पिनर और 2 तेज़ गेंदबाज़ों के साथ उतरेगा। बुमराह, अर्शदीप, वरुण चक्रवर्ती और अक्षर पटेल का कोर लगभग तय है जबकि हार्दिक, दुबे और कभी-कभी अभिषेक अतिरिक्त विकल्प देंगे। ऐसे में हर्षित राणा और कुलदीप यादव को मौका तभी मिलेगा जब प्लान ए में बदलाव हुआ।
कुल मिलाकर, न्यूज़ीलैंड सीरीज ने भारत को आत्मविश्वास दिया है और कई पोज़िशन पर तस्वीर काफी हद तक साफ कर दी है।
