IPL की फ्रेंचाइजी वैल्यू को लेकर पूर्व चेयरमैन ललित मोदी और संजीव गोयनका के बीच विवाद हो गया। गोयनका के एक ट्वीट पर मोदी ने पलटवार किया है।

आईपीएल 2026 से पहले जहां एक तरफ फ्रेंचाइजी की रिकॉर्ड तोड़ डील सुर्खियों में है, वहीं दूसरी तरफ लीग की सफलता का श्रेय किसे मिले, इस पर विवाद छिड़ गया। पूर्व आईपीएल चेयरमैन ललित मोदी ने संजीव गोयनका पर तीखा हमला बोलते हुए उन्हें 'क्लाउन' (जोकर) तक कह दिया।

दरअसल, हाल ही में रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर और राजस्थान रॉयल्स की बिक्री ने इंडियन प्रीमियर लीग की वैल्यू को नई ऊंचाई पर पहुंचा दिया। आरसीबी को करीब 1.78 अरब डॉलर (लगभग 16600 करोड़) में खरीदा गया जबकि राजस्थान रॉयल्स को करीब 1.63 अरब डॉलर (करीब 15290 करोड़) में बेचा गया। ये दोनों डील आईपीएल इतिहास की सबसे बड़ी डील्स में शामिल हैं।

आईपीएल डील को लेकर गोयनका पर भड़के ललित मोदी
रॉयल चैलेंजर्स बेंगलोर को आदित्य बिड़ला ग्रुप, ब्लैकस्टोन, टाइम्स ग्रुप और बोल्ट वेंचर्स के कंसोर्टियम ने खरीदा है। वहीं राजस्थान रॉयल्स को अमेरिका के कारोबारी काल सोमानी की अगुवाई वाले ग्रुप ने खरीदा।

गोयनका ने आईपीएल डील का श्रेय जय शाह को दिया
इसी बीच लखनऊ सुपर जायंट्स के मालिक संजीव गोयनका ने सोशल मीडिया पर आईपीएल की इस बढ़ती वैल्यू को लेकर एक पोस्ट किया। उन्होंने लिखा कि 2008 में कुछ सौ करोड़ में खरीदी गई टीमें अब 15000 करोड़ रुपये से ज्यादा में बिक रही। गोयनका ने इस सफलता का श्रेय आईपीएल के स्ट्रक्चर, खासकर मीडिया राइट्स मॉडल और गवर्नेंस को दिया।

उन्होंने यह भी कहा कि इस सफलता के पीछे जय शाह की सोच का बड़ा योगदान। हालांकि, गोयनका के इस बयान में ललित मोदी का जिक्र नहीं था, जिससे वह नाराज हो गए। 

ललित मोदी ने संजीव गोयनका पर साधा निशाना
ललित मोदी ने सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए गोयनका पर निशाना साधा। मोदी ने लिखा, 'लगता है इन्हें याद नहीं कि आईपीएल का मॉडल किसने बनाया। यह अपनी ही दुनिया में रहते हैं। संजीव गोयनका एक क्लाउन हैं उन्हें क्रिकेट की समझ नहीं है।'

मोदी ने यहां तक कह दिया कि काश लखनऊ सुपर जायंट्स की मालिकाना हक उनके भाई हर्ष गोयनका के पास होता, जो क्रिकेट के सच्चे फैन हैं। उन्होंने गोयनका पर इतिहास बदलने की कोशिश करने का आरोप भी लगाया।

इस पूरे विवाद पर अब तक संजीव गोयनका की ओर से कोई रिएक्शन नहीं आया है लेकिन IPL जैसे बड़े ब्रांड की सफलता का श्रेय किसे मिले, इस बहस ने क्रिकेट जगत में नई चर्चा छेड़ दी।