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MP: 6 सेज परियोजनाओं की औपचारिक मंजूरी निरस्त

प्रदेश के सेज विकास आयुक्त एके राठौर ने गुरुवार को यहां बताया, केंद्र के वाणिज्य सचिव राजीव खेर की अध्यक्षता वाले मंजूरी बोर्ड (बीओए) ने सूबे में प्रस्तावित छह सेज परियोजनाओं की औपचारिक मंजूरी निरस्त कर दी है।

MP: 6 सेज परियोजनाओं की औपचारिक मंजूरी निरस्त

इंदौर.निर्यात बाजार में लगातार सुस्ती और कुछ कर प्रावधानों के चलते विशेष आर्थिक क्षेत्र (सेज) योजना में निवेशकों की घटी रूचि के बीच सरकार ने मध्य प्रदेश में छह सेज परियोजनाओं की स्थापना के लिए दी गई मंजूरी निरस्त कर दी है।

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प्रदेश के सेज विकास आयुक्त एके राठौर ने गुरुवार को यहां बताया, केंद्र के वाणिज्य सचिव राजीव खेर की अध्यक्षता वाले मंजूरी बोर्ड (बीओए) ने सूबे में प्रस्तावित छह सेज परियोजनाओं की औपचारिक मंजूरी निरस्त कर दी है। यह फैसला मंजूरी बोर्ड की 20 फरवरी को हुई बैठक में पेश सिफारिशों के आधार पर किया गया है।’ राठौर ने बताया कि प्रदेश की जिन छह सेज परियोजनाओं की औपचारिक मंजूरी रद्द की गयी है, उनमें पार्श्वनाथ सेज लिमिटेड का इंदौर में प्रस्तावित आईटी सेज, जूम डेवलपर्स का इंदौर में अलग-अलग सेवाओं के लिए प्रस्तावित सेज, मालवा आईटी पार्क लिमिटेड का इंदौर में प्रस्तावित आईटी सेज, ग्वालियर एग्रीकल्चर का इंदौर में अलग-अलग सेवाओं के लिए प्रस्तावित सेज, कसेन्ड्रा रीयल्टी का इंदौर में प्रस्तावित आईटी सेज और राइटर्स एंड पब्लिशर्स लिमिटेड का छिंदवाड़ा में प्रस्तावित आईटी सेज शामिल है।

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स्थापना की चाल बेहद सुस्त

बहरहाल, प्रदेश में सेज स्थापना की चाल बेहद सुस्त बनी हुई है। पिछले 12 साल के दौरान सूबे में अधिसूचित 10 विशेष आर्थिक क्षेत्रों (सेज) में से केवल दो सेज योजनाओं में ही इकाइयों द्वारा निर्यात शुरू हो सका है। इनमें पीथमपुर स्थित बहुउत्पादीय सेज और इंदौर के सूचना प्रौद्योगिकी सेज का दर्जा प्राप्त क्रिस्टल आईटी पार्क शामिल हैं।

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2006 में दी गई थी मंजूरी

राठौर ने बताया कि इन सभी छह सेज परियोजनाओं को वर्ष 2006 से 2008 के बीच औपचारिक मंजूरी दी गयी थी। लेकिन इनके विकासकर्ताओं ने सेज की स्थापना में अलग-अलग वजहों से खास रूचि नहीं दिखाई। नतीजतन वाणिज्य सचिव की अध्यक्षता वाले मंजूरी बोर्ड के सामने सिफारिश की गयी कि इन सेज परियोजनाओं को दी गयी औपचारिक मंजूरी निरस्त कर दी जाए। विचार-विमर्श के बाद इन सिफारिशों को मान लिया गया।

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