Anger Side Effects: तेज रफ्तार जिंदगी, बढ़ता काम का दबाव और छोटी-छोटी बातों पर चिड़चिड़ापन गुस्सा आज कई लोगों की आदत बन चुका है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि बार-बार गुस्सा करना सिर्फ रिश्तों को ही नहीं, बल्कि आपकी सेहत को भी गंभीर नुकसान पहुंचा सकता है? विशेषज्ञ मानते हैं कि अनियंत्रित क्रोध शरीर के अंदर ऐसी प्रतिक्रियाएं पैदा करता है, जो लंबे समय में कई बीमारियों की वजह बन सकती हैं।
गुस्से के दौरान शरीर में एड्रेनालिन और कॉर्टिसोल जैसे स्ट्रेस हार्मोन तेजी से बढ़ जाते हैं। इससे दिल की धड़कन तेज होती है, ब्लड प्रेशर बढ़ता है और दिमाग पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। अगर यह स्थिति बार-बार बने, तो यह धीरे-धीरे शरीर को अंदर से कमजोर करने लगती है। आइए जानते हैं ज्यादा गुस्सा करने से कौन-सी 5 बड़ी परेशानियां हो सकती हैं।
गुस्सा करने के 5 नुकसान
बढ़ा हुआ ब्लड प्रेशर
गुस्से के समय रक्तचाप अचानक बढ़ जाता है। यदि यह आदत बन जाए तो हाई ब्लड प्रेशर की समस्या स्थायी रूप ले सकती है। लंबे समय तक अनियंत्रित रक्तचाप दिल और किडनी दोनों के लिए खतरा बन सकता है।
दिल की बीमारी का खतरा
ज्यादा गुस्सा करने से हृदय पर दबाव बढ़ता है। रिसर्च बताती हैं कि अत्यधिक तनाव और क्रोध हृदयाघात (हार्ट अटैक) के जोखिम को बढ़ा सकते हैं। गुस्से के दौरान नसों में सिकुड़न आती है, जिससे रक्त प्रवाह प्रभावित होता है।
मानसिक तनाव और डिप्रेशन
बार-बार गुस्सा करना मानसिक संतुलन को बिगाड़ सकता है। इससे चिड़चिड़ापन, बेचैनी और अनिद्रा जैसी समस्याएं बढ़ती हैं। लंबे समय तक यह स्थिति रहने पर व्यक्ति अवसाद (डिप्रेशन) का शिकार भी हो सकता है।
Coconut Husk Uses: नारियल का छिलका घर के 5 काम बनाएगा आसान, इन तरीकों से कर लें इस्तेमाल
Obesity Side Effects: हल्के में न लें मोटापा, 5 बड़ी बीमारियों की बन सकता है वजह, जान लें इन्हें
Paneer Pasanda: होटल जैसा पनीर पसंदा घर पर बनाएं, स्वाद ऐसा कि देखते ही मुंह में आ जाएगा पानी
पाचन तंत्र पर असर
गुस्सा पाचन प्रक्रिया को भी प्रभावित करता है। तनाव के कारण पेट में एसिड का स्तर बढ़ जाता है, जिससे गैस, एसिडिटी और अपच की समस्या हो सकती है। लगातार तनाव रहने पर इरिटेबल बाउल सिंड्रोम जैसी समस्याएं भी हो सकती हैं।
इम्यून सिस्टम कमजोर होना
ज्यादा गुस्सा शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को कम कर सकता है। स्ट्रेस हार्मोन का स्तर बढ़ने से शरीर संक्रमण और बीमारियों से लड़ने में कमजोर पड़ सकता है।
गुस्से को कैसे करें कंट्रोल?
- रोजाना 10-15 मिनट मेडिटेशन करें।
- गहरी सांस लेने की आदत डालें।
- नियमित व्यायाम करें।
- पर्याप्त नींद लें।
- बातों को दिल पर लेने के बजाय सकारात्मक सोच अपनाएं।
(Disc।aimer: इस आर्टिकल में दी गई सामग्री सिर्फ जानकारी के लिए है। हरिभूमि इनकी पुष्टि नहीं करता है। किसी भी सलाह या सुझाव को अमल में लेने से पहले किसी डॉक्टर/विशेषज्ञ से परामर्श जरूर लें।)
अगर आपको यह खबर उपयोगी लगी हो, तो इसे सोशल मीडिया पर शेयर करना न भूलें और हर अपडेट के लिए जुड़े रहिए [haribhoomi.com] के साथ।
(लेखक:कीर्ति)