4 April 2026 Ka Panchang: यहां पढ़ें शनिवार (4 अप्रैल 2026) बैसाख माह के कृष्ण पक्ष की द्वितीया तिथि का पंचांग, शुभ मुहूर्त, तिथि शुभ योग; नक्षत्र और राहुकाल।

4 April 2026 Ka Panchang: हिंदू पंचांग के अनुसार, 4 अप्रैल 2026, शनिवार का दिन धार्मिक और ज्योतिषीय दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। आज बैशाख माह के कृष्ण पक्ष की द्वितीया तिथि है, जो सुबह 10 बजकर 9 मिनट तक प्रभावी रहेगी। इसके बाद तृतीया तिथि शुरू हो जाएगी। यहां जानें ज्योतिषाचार्य डॉक्टर मनीष गौतम जी महाराज से आज के दिन का पंचांग, सूर्य, चंद्रमा की स्थिति और शुभ-अशुभ समय।

नक्षत्र
नक्षत्र की बात करें तो आज स्वाती नक्षत्र रात 21:35 बजे तक रहेगा। स्वाती नक्षत्र को स्वतंत्रता, लचीलापन और नई संभावनाओं का प्रतीक माना जाता है। इस दौरान किए गए कार्यों में रचनात्मकता और नए विचारों का समावेश देखने को मिल सकता है। इसके साथ ही हर्षण योग दोपहर 14:16 बजे तक रहेगा, जो नाम के अनुसार ही प्रसन्नता, सफलता और सकारात्मक परिणाम देने वाला योग माना जाता है।

करण
करणों की स्थिति भी दिन के कार्यों को प्रभावित करती है। आज गर करण सुबह 10:09 बजे तक रहेगा, जिसके बाद वणिज करण शुरू होगा और रात 23:01 बजे तक प्रभावी रहेगा। वणिज करण को व्यापार और लेन-देन के लिए अनुकूल माना जाता है, इसलिए आर्थिक मामलों में यह समय लाभकारी हो सकता है।

आज शनिवार का दिन है, जो शनि देव को समर्पित माना जाता है। इसलिए कर्म, अनुशासन और न्याय से जुड़े मामलों में सावधानी और ईमानदारी बनाए रखना आवश्यक है। मेहनत करने वालों के लिए यह दिन सकारात्मक परिणाम देने वाला हो सकता है।

सूर्योदय और चंद्रमा
आज सूर्योदय सुबह 06:09 बजे होगा और सूर्यास्त शाम 18:39 बजे। वहीं चंद्रमा का उदय 19:01 बजे और अस्त 06:58 बजे होगा। तुला राशि में स्थित चंद्रमा आज लोगों को संतुलित सोच और संबंधों में सामंजस्य बनाए रखने की प्रेरणा देगा।

आज के शुभ मुहूर्त
आज का अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:00 बजे से 12:48 बजे तक रहेगा। इसे दिन का सबसे शुभ समय माना जाता है। इस दौरान नए कार्य शुरू करना, महत्वपूर्ण निर्णय लेना या शुभ कार्य करना लाभकारी हो सकता है।

आज के अशुभ समय
दिन में कुछ ऐसे समय भी होते हैं जिन्हें शुभ कार्यों के लिए टालना बेहतर माना जाता है। आज राहुकाल सुबह 09:16 से 10:50 तक रहेगा। इसके अलावा गुलिक काल 06:09 से 07:43 तक और यमगंड दोपहर 13:58 से 15:31 तक रहेगा। इन समयों में नए कार्यों की शुरुआत से बचना चाहिए।

धार्मिक और ज्योतिषीय महत्व
वैशाख माह को हिंदू धर्म में अत्यंत पवित्र माना जाता है। इस माह में किए गए दान-पुण्य और पूजा का विशेष फल मिलता है। कृष्ण पक्ष की द्वितीया तिथि आत्मचिंतन और संयम का संदेश देती है। ऐसे में आज का दिन आध्यात्मिक गतिविधियों, ध्यान और पूजा-पाठ के लिए उपयुक्त माना जा सकता है।

क्या करें और क्या न करें
आज के दिन संतुलित व्यवहार और धैर्य बनाए रखना महत्वपूर्ण रहेगा। स्वाती नक्षत्र के प्रभाव से नए विचार और योजनाएं बन सकती हैं, लेकिन जल्दबाजी से बचना चाहिए। आर्थिक निर्णय सोच-समझकर लें और किसी भी प्रकार के विवाद से दूर रहने का प्रयास करें।

कुल मिलाकर 4 अप्रैल 2026 का दिन संतुलन, धैर्य और सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने का संकेत देता है। शुभ मुहूर्त का सही उपयोग करने और अशुभ समय से बचने पर दिन को अधिक सफल और लाभकारी बनाया जा सकता है।