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किसान की बेटी ने तोड़ा पीटी उषा और मिल्खा सिंह का रिकॉर्ड, जानें कौन हैं भारत की नई ''उड़न परी'' हिमा दास

असम की 18 वर्षीय एथलीट हिमा दास ने इतिहास रचते हुए आईएएएफ विश्व अंडर 20 एथलेटिक्स चैंपियनशिप के महिला 400 मीटर फाइनल में खिताब के साथ ही विश्व स्तर पर स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला एथलीट बनी।

किसान की बेटी ने तोड़ा पीटी उषा और मिल्खा सिंह का रिकॉर्ड, जानें कौन हैं भारत की नई उड़न परी हिमा दास
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असम की 18 वर्षीय एथलीट हिमा दास ने इतिहास रचते हुए आईएएएफ विश्व अंडर 20 एथलेटिक्स चैंपियनशिप के महिला 400 मीटर फाइनल में खिताब के साथ ही विश्व स्तर पर स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला एथलीट बनी।

खिताब की प्रबल दावेदार हिमा दास ने 51.46 सेकेंड के समय के साथ स्वर्ण पदक जीता जिसके बाद भारतीय खेमे ने जबर्दस्त जश्न मनाया। हिमा से पहले भारत की किसी भी महिला ने विश्व चैंपियनशिप के किसी भी स्तर पर स्वर्ण पदक नहीं जीता था।

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वह विश्व स्तर पर ट्रैक स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी हैं। वह अप्रैल में गोल्ड कोस्ट में हुए राष्ट्रमंडल खेलों की 400 मीटर स्पर्धा में तत्कालीन भारतीय अंडर 20 रिकार्ड 51.32 सेकेंड के समय के साथ छठे स्थान पर रही थी।

बता दें कि इससे पहले भारत की कोई महिला या पुरुष खिलाड़ी जूनियर या सीनियर किसी भी स्तर पर विश्व चैम्पियनशिप में गोल्ड या कोई मेडल नहीं जीत सका था. यहां तक कि भारत के लेजेंड मिल्खा सिंह और पीटी उषा भी नहीं।

हिमा दास का सफ़र

बता दें कि हिमा का यहां तक का सफर इतना आसान नहीं था उनकी इस अपार सफलता के पीछे उनकी कड़ी मेहनत और हिम्मत का बड़ा योगदान है। असम के एक साधारण किसान परिवार में पैदा होने वाली हिमा के पिता चावल की खेती करते हैं।

उनका परिवार बेहद साधारण है। उनके कोच निपोन दास ने बताया कि उन्हें पूरा विश्वास था कि हिमा कम से कम टॉप थ्री में जरूर शामिल होगी। 400 मीटर की रेस में उन्होंने अपनी ताकत का लोहा पूरी दुनिया में मनवाया है। उनके कोच ने बताया कि हिमा ने दो साल पहले ही रेसिंग ट्रैक पर कदम रखा था।

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बेटी को एथलीट बनाने के लिए परिवार के पास पैसे की कमी थी लेकिन शुरुआत से ही उनके कोच ने उनकी सहायता कर आज हिमा को एक नया मुकाम दिलाया। एथलीट बनने के लिए हिमा को अपना परिवार छोड़कर लगभग 140 किलोमीटर दूर आकर रहना पड़ा। पहले तो परिवार वाले इस बात के लिए राजी नहीं थे, हालांकि कोच निपोल के कहने पर परिवार राजी हुआ और फिर जो हुआ वो आज इतिहास बन गया।

हिमा के व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन

100 मीटर 11.74 सेकेंड

200 मीटर 23.10 सेकेंड

400 मीटर 51.13 सेकेंड

4X400मी. रिले 3:33.61

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