Top
Hari bhoomi hindi news chhattisgarh
Breaking

उरी अटैक: कश्मीर में अभी भी खुलेआम घूम रहे हैं 12 आतंकी

उरी अटैक में चार आतंकियों के मारे जाने के बाद 4-4 के ग्रुप में जम्मू कश्मीर में पाकिस्तान से आए 12 आतंकी घूम रहे हैं।

उरी अटैक: कश्मीर में अभी भी खुलेआम घूम रहे हैं 12 आतंकी
श्रीनगर. उत्तरी कश्मीर के उरी सेक्टर में रविवार की सुबह साढ़े पांच बजे भारी हथियारों से लैस आतंकियों ने 12 ब्रिगेड मुख्यालय के समीप सेना के आधार शिविर (आर्मी बेस) पर तब हमला कर दिया, जब सेना के जवान सो रहे थे। हमले में 17 जवान शहीद हो गए व 20 घायल हुए हैं। मारे गए चारों हमलावर पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के सदस्य हैं।
एलओसी से 16 आतंकी जम्मू-कश्‍मीर में घुसे
सूत्रों के मुताबिक शनिवार को एलओसी से 16 आतंकी जम्मू-कश्‍मीर में घुसे थे। खबर है कि ये आतंकी तीन हिस्सों में बंट गए और इनमें से एक गुट ने उरी हमले को अंजाम दिया। सूत्रों के मुताबिक घुसपैठिए आतंकियों का एक गुट बड़े हमले के इरादे से पुंछ की तरफ गया तो दूसरे गुट ने श्रीनगर का रुख किया है। उरी अटैक में चार आतंकियों के मारे जाने के बाद 4-4 के ग्रुप में जम्मू कश्मीर में पाकिस्तान से आए 12 आतंकी घूम रहे हैं।
झेलम के रास्ते घुसे चारो आतंकी
पीओके से निकल कर चार आतंकी सलमाबाद नाले (झेलम नदी) के रास्ते असलहा और ग्रेनेड के साथ उड़ी सेक्टर में पहुंचे।पठानकोट में भी आतंकी नालों के रास्ते घुसे थे। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि सुबह करीब पांच बजे के आसपास हुए आतंकी हमले के साथ ही विस्फोटों की आवाज सुनाई दी और मुठभेड शुरु हो गई। हमले की चपेट में आया स्थल यहां से 102 किलोमीटर और सेना के ब्रिगेड मुख्यालय से कुछ ही मीटर की दूरी पर स्थित है।
अब तक का सबसे घातक हमला
जम्मू-कश्मीर में करीब 25 साल से जारी आतंकवाद के दौरान सेना पर यह सबसे घातक हमला है। लाइन ऑफ कंट्रोल (एलओसी) के नजदीक उड़ी सेक्टर में स्थित इस आर्मी बेस में आतंकी पीओके के रास्ते सुबह करीब पांच बजे के आसपास घुसे। फिर ताबड़तोड़ ग्रेनेड फेंके, जिससे कुछ बैरकों में आग लग गई. बैरक में आग लगने से एक तंबू में सो रहे डोगरा व बिहार रेजिमेंट के 17 जवान जिंदा जल गए। हालांकि, सेना ने 14 सैनिकों के ही जलने की पुष्टि की है।
डोगरा रेजीमेंट के जवान ड्यूटी की अदला-बदली की प्रक्रिया में
गौरतलब है कि हमला उस समय हुआ जब डोगरा रेजीमेंट के जवान ड्यूटी की अदला-बदली की प्रक्रिया में थे। ड्यूटी खत्म करके लौटे जवान तंबुओं में सो रहे थे। कमांड की ओर से जानकारी के मुताबिक, उरी यूनिट का एडमिनिस्ट्रेटिव बेस काफी बड़ा है और यहां काफी बड़ी संख्या में सैन्य बल रहते हैं।
उरी हमले पर उच्च स्तरीय बैठक
गृह मंत्री राजनाथ सिंह उरी हमले पर 10 बजे से उच्च स्तरीय बैठक में शामिल हुए हैं। इस बैठक में साथ में रक्षा मंत्री, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार, आईबी, रॉ चीफ, गृह सचिव, रक्षा सचिव, डीजी बीएसएफ के निदेशक, डीजी सीआरपीएफ और अन्य वरिष्ठ गृह मंत्रालय और रक्षा मंत्रालय के अधिकारी शामिल हैं।
खबरों की अपडेट पाने के लिए लाइक करें हमारे इस फेसबुक पेज को फेसबुक हरिभूमि, हमें फॉलो करें ट्विटर और पिंटरेस्‍ट पर-
Next Story
Top