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एससी-एसटी एक्ट में बदलाव को लेकर क्यों मचा हुआ है हंगामा, जनिए क्या है पूरा मामला

एससी-एसटी एक्ट पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ दलित संगठनों ने पूरे देश में भारत बंद का एेलान किया है, जिसको लेकर देश के अलग-अलग राज्यों में हिंसक कार्य और उपद्रव हुआ है।

एससी-एसटी एक्ट में बदलाव को लेकर क्यों मचा हुआ है हंगामा, जनिए क्या है पूरा मामला
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एससी-एसटी एक्ट पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ दलित संगठनों ने पूरे देश में भारत बंद का एेलान किया है, जिसको लेकर देश के अलग-अलग राज्यों में हिंसक कार्य और उपद्रव हुआ है। वहीं दूसरी तरफ इस भारत बंद को लेकर देश की राजनीति के गलियारों में हंगामा मचा हुआ है।

विपक्षी दलों ने भी कोई मौका ना गवाते हुए केद्र सरकार को घेरा है और जमकर तंज भी कस रहे हैं। अब सवाल यह उठता है कि यह विवाद कैसे उठा है और इस पर इतना हंगामा क्यों हो रहा है, अब आपको इस बारे में बताते हैं...

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20 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने दी थी गाइडलाइन

दरासल 20 मार्च को महाराष्ट्र के एक मामले में सुप्रीम कोर्ट ने एससी-एसटी एक्ट तहत नई गाइडलाइन दी थी, जिसको लेकर दलित संगठनों ने इस गाइडलाइन का कड़ा विरोध जताया था। वहीं उनका कहना था कि इससे दलित का शोषण नहीं रुकेगा। सुप्रीम कोर्ट ने अपनी गाइडलाइन का बचाव करते हुए कहा था कि इससे कानून के दुरुपयोग होने से बचेगा।

सुप्रीम कोर्ट ने एक्ट को बचाने के लिए दिए कई गाइडलाइन

यह गाइडलाइन सुप्रीम कोर्ट जस्टिस एके गोयल और यूयू ललित ने दिए थे। उन्होंने कहा था कि जिस वक्त यह कानून बना था तब किसी को यह नहीं पता था कि इसका कितना दुरुपयोग हो सकता है।

जस्टिस एके गोयल और यूयू ललित ने आगे कहा था कि हमारे देश के मामलों की जांच में पाया गया है कि इस एक्ट का मिस-यूज हुआ है।

एससी-एसटी एक्ट: यह है नए निर्देश

सुप्रीम कोर्ट की नई गाइडलाइन के तहत एससी-एसटी के तहत एफआईआर होते ही आरोपी को तुरंत गिरफ्तारी नहीं की जाएगी। आरोपी पर लगे आरोपों की जांच डीएसपी स्तर की जाएगी। अगर जांच में आरोप सही साबित हुए तो तुरंत उस पर कार्रवाई की जाएगी।

सरकारी कर्मचारी भी आते है नए निर्देशों में

दलित के साथ अगर कोई सरकारी कर्मचारी ने गलत व्यवहार किया तो उसके खिलाफ विभागीय अधिकारी की आज्रा लेनी होगी। वहीं दूसरी तरफ आम जनता के लिए गिरफ्तारी के लिए वरिष्ठ पुलिस अधिकारी से लिखित में अनुमति लेनी होगी। सुप्रीम कोर्ट ने इस तरह के मामलों में पहले जमानत को भी अनुमति दे दी है।

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बता दें कि एससी-एसटी एक्ट को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने नए गाइडलाइन जारी की थी, जिसको लेकर दलित संगठनों ने इसका विरोध किया है। आज पूरे देश में भारत बंद का भी एेलान किया है।

देश के पंजाब, मध्य प्रदेश, और कई राज्यों में भारत बंद एेलान किया है, जिसको लेकर दलित संगठनों ने कई जगह हिंसक विरोध किया है और कई जगह आगजहनि भी की है।

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