Hari bhoomi hindi news chhattisgarh
Breaking

लोकसभा चुनाव 2019ः विजय रूपाणी बोले- राहुल गांधी की छवि अब 2014 से भी बदतर

गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी का दावा है कि अब कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की छवि 2014 से बदतर है और जब वह उन्हें 'अपरिपक्व' आचरण के चलते पर सोशल मीडिया पर ट्रोल होते देखते हैं तब उन्हें उन पर दया आती है। रूपाणी ने एक इंटरव्यू में यह भी दावा किया कि 2014 की मोदी लहर के बाद देश पहली बार इस वर्ष मोदी सुनामी देखेगा।

लोकसभा चुनाव 2019ः विजय रूपाणी बोले- राहुल गांधी की छवि अब 2014 से भी बदतर

गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी का दावा है कि अब कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की छवि 2014 से बदतर है और जब वह उन्हें 'अपरिपक्व' आचरण के चलते पर सोशल मीडिया पर ट्रोल होते देखते हैं तब उन्हें उन पर दया आती है। रूपाणी ने पीटीआई से साक्षात्कार में यह भी दावा किया कि 2014 की मोदी लहर के बाद देश पहली बार इस वर्ष मोदी सुनामी देखेगा।

उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को उनके अपरिपक्व आचरण के चलते सोशल मीडिया पर बहुत ज्यादा ट्रोल होते देखता हूं मुझे उन पर दया आती है। संसद में आंख मारने, मोदी जी से गले लगने की जैसी हरकतों से...उनकी छवि एक गैर गंभीर नेता की है। ये सारी चीजें उनकी अपरिपक्वता दर्शाती है। उनकी छवि 2014 में जो थी अब वह और बदतर हो गयी है।

रूपाणी भाजपा के मुम्बई उत्तर पूर्वी उम्मीदवार मनोज कोटक के लिए तथा उनके पक्ष में गुजराती समुदाय का समर्थन जुटाने के लिए यहां आए थे।

उन्होंने दावा किया कि 2014 में मोदी लहर थी, इस बार देश मोदी सुनामी देखेगा, क्योंकि पिछले चनुाव में जनभावना थी कि मोदीजी को प्रधानमंत्री होनी चाहिए और अब उनके प्रधानमंत्री बनने के बाद, लोग मानते हैं कि वही सही पसंद हैं।

उनका दावा है कि मोदी ने यह सुनिश्चित किया कि पिछली सरकार के विपरीत हर क्षेत्र में विकास नजर आए। उन्होंने दावा किया कि देश ने कई सालों के बाद भरोसेमंद और पारदर्शी शासन को देखा है।

उन्होंने कहा कि पुलवामा (आतंकवादी हमले) के बाद वह एक मजबूत एवं स्थायी सरकार की अगुवाई कर रहे एक निर्णायक प्रधानमंत्री के रूप में जाने जाते हैं। लोग केवल मोदी के नाम पर ही वोट देंगे।

जब रूपाणी से पूछा गया कि क्या प्रियंका गांधी के राजनीति में उतरने से खासकर उत्तर प्रदेश, जहां से अधिकतम सांसद चुनकर संसद में आते हैं, में भाजपा को नुकसान होगा, उन्होंने कहा कि कांग्रेस सोच सकती है कि वह पार्टी की ट्रंप कार्ड हैं लेकिन वह उत्तर प्रदेश तक ही सीमित हैं और उन्हें उसके बाहर नहीं देखा गया है।

उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस ने वहां अपना अस्तित्व बचाने के लिए उनसे प्रचार करने को कहा है। अखिलेश और मायावती ने कांग्रेस को स्वीकार नहीं किया। (कांग्रेस)पार्टी उत्तर प्रदेश में परिदृश्य में कहीं नहीं है।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने हिंदू आतंकवाद शब्द सृजित कर तथा अनुच्छेद 370 हटाने से इनकार कर बहुसंख्य जनसंख्या के बीच 'बहुसंख्यक विरोधी और हिंदू विरोधी भावना पैदा की है। उन्होंने प्रज्ञा ठाकुर को चुनाव मैदान में उतारे जाने का बचाव किया।

लालकृष्ण आडवाणी और मुरली मनोहर जोशी जैसे नेताओं को टिकट नहीं देने पर विपक्ष द्वारा आलोचना किये जाने पर रूपाणी ने कहा कि पार्टी 75 साल की उम्र के बाद 'सम्मानजनक सेवानिवृति' में विश्वास करती है।

Share it
Top