Hari bhoomi hindi news chhattisgarh

Pranab Mukherjee: प्रणब दा को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राजनाथ सिंह समेत इन नेताओं ने दी घर जाकर श्रद्धांजलि

Pranab Mukherjee: भारतीय राजनीति के दादा और पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का बीते सोमवार को दिल्ली के आर्मी अस्पताल में निधन हो गया। आज उनका अंतिम संस्कार राष्ट्रीय सम्मान के साथ किया जाएगा।

Pranab Mukherjee: प्रणब दा को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राजनाथ सिंह समेत इन नेताओं ने दी घर जाकर श्रद्धांजलि
X

Pranab Mukherjee: भारतीय राजनीति के दादा और पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का बीते सोमवार को दिल्ली के आर्मी अस्पताल में निधन हो गया। आज उनका अंतिम संस्कार राष्ट्रीय सम्मान के साथ किया जाएगा। उनके निधन पर भारत सरकार ने 7 दिनों का राष्ट्रीय शोक घोषित किया है।

आज उनके अंतिम दर्शन के लिए उनके आवास 10 राजाजी मार्ग पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, बिपिन रावत और तीनों सेनाओं के चीफ श्रद्धांजलि देने के लिए पहुंचे। उनका अंतिम संस्कार पूरे प्रोटोकॉल के तहत किया जाएगा। लोकसभा स्पीकर ओम बिड़ला भी प्रणब को श्रद्धांजलि देने पहुंचे। चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ बिपिन रावत और तीनों सेना प्रमुखों ने भी प्रणब को श्रद्धांजलि दी।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, प्रणब मुखर्जी के पार्थिव शरीर के अंतिम दर्शन के लिए उनके आवास 10 राजाजी मार्ग पर सभी राजनेता पहुंच रहे हैं । वहीं कांग्रेस की तरफ से भी कई नेताओं ने पूर्व राष्ट्रपति को श्रद्धांजलि दी।

जानकारी के लिए बता दें कि सरकार ने पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के निधन पर 7 दिन का राष्ट्रीय शोक घोषित किया है। इस मौके पर सभी सरकारी कार्यालयों में झंडा 7 दिनों तक आधा झुका रहेगा।

बीते 10 अगस्त को दिल्ली के आर्मी रिसर्च एंड रेफरल अस्पताल में प्रणब मुखर्जी को ब्रेन सर्जरी के लिए अस्पताल में भर्ती किया गया था। उनकी इमरजेंसी में सभी सर्जरी की गई थी। लेकिन हालत गंभीर बनी हुई थी। उसके बाद उनकी कोरोना टेस्ट किया। जिसमें उनकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई।

इसके बाद उनकी हालत गंभीर होती चले गए और उन्हें कई दिनों तक वेंटिलेटर पर रखा गया। लेकिन उनकी हालत में कोई सुधार नहीं है। बीती शाम प्रणब मुखर्जी के निधन के बाद राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू ने उनके निधन पर शोक जताया। वहीं भारतीय राजनीति में उन्हें दादा का दर्जा दिया गया था। जिसे बड़ा भाई कहा जाता है।

Next Story