Top
Hari bhoomi hindi news chhattisgarh
Breaking

जनऔषधि दिवस : महिला ने कहा, मैंने ईश्वर के रूप में नरेंद्र मोदी को देखा है

जनऔषधि दिवस : पीएम नरेंद्र मोदी ने शनिवार को वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए 'प्रधानमंत्री भारतीय जन औषधि योजना' के लाभार्थियों से बातचीत की। इसी दौरान एक महिला ने नरेंद्र मोदी को भगवान बता दिया।

Coronavirus Lockdown: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राज्यों के मुख्यमंत्री के साथ करेंगे कोरोना संकट पर बैठक, स्थिति का लेंगे जायजाCoronavirus Lockdown: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राज्यों के मुख्यमंत्री के साथ करेंगे कोरोना संकट पर बैठक, स्थिति का लेंगे जायजा

जनऔषधि दिवस : पीएम नरेंद्र मोदी ने शनिवार को वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए 'प्रधानमंत्री भारतीय जन औषधि योजना' के लाभार्थियों से बातचीत की। जिसके दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से एक महिला ने कहा कि मैंने ईश्वर के रूप में उनको देखा है। यह कहते ही महिला रोने लगी। महिला की बातें सुनकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी भावुक हो गए।

ये है मामला

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जन औषधि दिवस पर लाभार्थियों को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने कहा कि ये किसी भी योजना को सेलिब्रेट करने का दिन नहीं। बल्कि जिन भारतीयों और उनके परिवारों को इस योजना से लाभ पहुंचा है, उनसे जुड़ने का दिन है। इसी दौरान दीपा शाह नाम की एक महिला ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से नरेंद्र मोदी से बात की।

मैंने इश्वर के रूप में नरेंद्र मोदी को देखा है

दीपा शाह ने नरेंद्र मोदी से बात करते हुए कहा कि मोदी जी, मुझे 2011 से पैरालाइसिस है। मैं बोल भी नहीं पाती थी। मेरा इलाज तो चल रहा था लेकिन दवाइयां बहुत महंगी थी। मेरी दवाइयां उस समय 5000 की आती थी। जिसके कारण घर चलाना भी मुश्किल हो गया था।

महिला ने कहा कि फिर आपसे मुझे जन औषधि दवाइयां मिली। अब मेरी दवाइयां बस 1500 की आती है। जिससे मेरा खर्चा निकल आता है और अब मैं फल भी खा पाती हूं।

साथ ही महिला ने ये भी कहा कि मोदी जी, मैंने ईश्वर को नहीं देखा है लेकिन ईश्वर के रूप में आपको देखा है। बहुत बहुत शुक्रिया। बता दें कि महिला की बात सुनते ही प्रधानमंत्री भी भावुक हो गए।

नमस्ते की आदत डालें

कार्यक्रम के दौरान नरेंद्र मोदी ने कोरोना वायरस की भी चर्चा की। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस को लेकर मैं सभी देशवासियों से प्रार्थना करता हूं कि किसी भी तरह की अफवाह से बचें। कोई भी परेशानी होने पर तुरंत अपने डॉक्टर की सलाह लें। पूरी दुनिया में नमस्ते की एक आदत डल रही है। अगर किसी कारण से हमने ये आदत छोड़ दी है, तो हाथ मिलने के बजाए इस आदत को फिर से डालने का ये उचित समय है।

Next Story
Top