Hari bhoomi hindi news chhattisgarh

भारत LAC पर दबाव में आए बगैर जवाबी कार्रवाई करता रहेगा

भारत लगातार विवाद की गेंद चीन के पाले में डाले रखेगा। दरअसल, बातचीत के बीच तनाव बढ़ाना चीन की पुरानी रणनीति है। इसके सहारे चीन हमेशा से दबाव बनाता आया है।

चीन बोला - भारत ने अवैध तरीके से लद्दाख को बनाया केंद्रशासित प्रदेश, हम नहीं देंगे मान्यता
X
भारत-चीन

भारत सैन्य और कूटनीतिक चैनलों से बातचीत के बीच एलएसी पर उकसावे वाली कार्रवाई को चीन की दबाव बनाने की रणनीति मान रहा है। भारत भी इससे निपटने के लिए लगातार जवाबी कार्रवाई कर रहा है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, भारत की रणनीति सभी माध्यमों से बातचीत जारी रखने के साथ एलएसी पर आक्रामक तेवर बरकरार रखने की है।

बताया जा रहा है कि चीन घुसपैठ और फायरिंग के जरिये भारत पर दबाव बनाना चाहता है। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, भारत चीन के दबाव बनाने के किसी झांसे में नहीं आएगा। भारत, बीते एक महीने से भारत एलएसी पर आक्रामक तेवर अपना कर चीन को किसी तरह के दबाव में न आने के साथ हर स्थिति का सामना करने के लिए तैयार रहने का मैसेज दे रहा है। भविष्य में भी यही सिलसिला जारी रहेगा।

बता दें कि साल 2017 में भी भारत और चीन के बीच डोकलाम विवाद हुआ था। इस दौरान चीन ने लगातार करीब दो महीने से ज्यादा आक्रामक तेवर दिखाए थे। भारत की ओर से जवाबी तेवर दिखाने और अंत तक इस पर कायम रहने के बाद चीनी को हथियार डालने पड़े थे।

सरकारी सूत्र ने बताया कि विवाद टालने के लिए भारत बातचीत से पीछे नहीं हटेगा। हालांकि, भारत चीन दबाव में आने का संकेत नहीं देगा। चीन के साथ इस विवाद मामले में शुरू से ही भारत की यही रणनीति रही है। विशेष प्रतिनिधि स्तर की बातचीत, विदेश मंत्रियों और रक्षा मंत्रियों के अलावा सैन्य स्तर की बातचीत में भी भारत लगातार अपने पुराने रुख पर अड़ा हुआ है। मास्को में विदेश मंत्री जयशंकर अपने चीनी समकक्ष को फिर से अपनी इसी रणनीति का परिचय देंगे।

और पढ़ें
Next Story