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Coronavirus Treatment Vaccine : कोरोना वायरस के उपचार में कारगर है ये वैक्सीन

Coronavirus Treatment Vaccine : केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने बुधवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर जानकारी दी है कि भारत में कोरोना वायरस के 28 केस सामने आएं हैं। स्वास्थ्य मंत्री का कहना है कि यदि व्यक्ति किसी भी तरह के लक्षण महसूस करता है तो वो किसी भी अस्पताल में जाकर डॉक्टर को दिखा सकता है।

Coronavirus Treatment Vaccine : कोरोना वायरस के उपचार में कारगर है ये वैक्सीनकोरोना वायरस

चीन से शुरू हुआ कोरोना वायरस का कहर कम होने के बजाए बढ़ता जा रहा है। कोरोना वायरस दुनिया के 70 से अधिक देशों में फैल चुका है। अबतक इस वायरस की वजह से दुनियाभर में 3 हजार से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है।

जबकि 84 हजार से अधिक लोग कोरोना वायरस संक्रमण से पीड़ित हैं। कोरोना वायरस को खत्म करने के लिए वैज्ञानिक लगातार इलाज का तरीका खोज रहे हैं। अब यह खतरनाक वायरस भारत में भी पहुंच चुका है।

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने बुधवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर जानकारी दी है कि भारत में कोरोना वायरस के 28 केस सामने आएं हैं। स्वास्थ्य मंत्री का कहना है कि यदि व्यक्ति किसी भी तरह के लक्षण महसूस करता है तो वो किसी भी अस्पताल में जाकर डॉक्टर को दिखा सकता है। डॉक्टर की सलाह के बाद उसके टेस्ट किए जाएंगे और आगे का इलाज किया जाएगा।

क्या है कोरोना वायरस का इलाज?

मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो कोरोना वायरस से लड़ने के लिए अब तक कोई वैक्सीन तैयार नहीं हुई है। मगर अमेरिका के नैशनल इंस्टिट्यूट ऑफ हेल्थ (एनआईएच) के अधिकारियों बताया है कि कोरोना वायरस के कारण जो वायरल फैला निमोनिया की इस बीमारी से लड़ने के लिए वैक्सीन बनायी जा रही है।

इस वैक्सीन ट्रायल जल्द ही इंसानों पर शुरू हो जाएगा। बताया जा रहा है कि इसका इलाज सामान्य सर्दी (कोल्ड) की बीमारी की तरह ही होता है। इसमें सबसे अधिक फ्लूइड्स का सेवन करने को कहा जाता है और बुखार और गला खराब की दवा दी जाती है।

कोरोना वायरस को कैसे रोकें?

* अपने हाथों को बार-बार साबुन और पानी से धोएं। इसके अलावा एक अच्छे सैनिटाइजर का इस्तेमाल करें।

* इस्तेमान किए गए टिशूज को दोबार इस्तेमान न करें। एक बार इस्तेमाल के बाद उसे फेंक दे और साफ पानी से हाथ धो लें।

* बिना हाथ धोए अपनी आंखों, नाक और मुंह को न छूएं।

* खांसते और छींकते समय डिस्पोजेबल टिशू का इस्तेमान करें।

* जो लोग बीमार हैं, उनके संपर्क में आने से बचे। साथ ही ऐसे लोगों से कम से कम तीन फीट की दूरी बनाएं रखें।

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