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भारतीय सैनिकों का ख्याल रखेगी केंद्र सरकार, शुद्ध तेल में मिलेगा खाना

केंद्र सरकार के आत्मनिर्भर भारत मिशन के तहत केंद्रीय सुरक्षा बलों की कैंटिनों में स्वदेशी सामान की बिक्री के तहत सुरक्षा बलों की सहेत का ख्याल रखते हुए खादी और ग्रामोद्योग आयोग यानि केवीआईसी स्वदेशी सामान मुहैया कराएगा।

भारतीय सैनिकों का ख्याल रखेगी केंद्र सरकार, शुद्ध तेल में मिलेगा खाना
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भारतीय सेना (प्रतीकात्मक फोटो)

केंद्र सरकार के आत्मनिर्भर भारत मिशन के तहत केंद्रीय सुरक्षा बलों की कैंटिनों में स्वदेशी सामान की बिक्री के तहत सुरक्षा बलों की सहेत का ख्याल रखते हुए खादी और ग्रामोद्योग आयोग यानि केवीआईसी स्वदेशी सामान मुहैया कराएगा, जिसमें खासकर चीन सीमाओं पर तैनात आईटीबीपी के जवानों को शुद्ध सरसों के तेल में बना भोजन मुहैया कराया जाएगा। इसके लिए आईटीबीपी और केवीआईसी के बीच एक समझौते पर हस्ताक्षर किए गए हैं।

केंद्रीय सूक्ष्म, मध्यम एवं लघु उद्यम मंत्रालय के अनुसार शुक्रवार को भारत-तिब्बत सीमा पुलिस यानि आईटीबीपी के बीच केवीआईसी से स्वदेशी सामान खरीदने के लिए खादी और ग्रामोद्योग आयोग के साथ एक समझौता किया है। इस समझौते पर केवीआईसी के चेयरमैन विनय कुमार सक्सेना और आईटीबीपी मुख्यालय के प्रोविजनिंग ऑफिस की और से वरिष्ठ अधिकारियों ने इस समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। इस समझौते के तहत आईटीबीपी जवानों के भोजन के लिए 1200 कुंतल सरसों के शुद्ध तेल केवीआईसी से खरीदा जा रहा है, जिसकी कीमती 1.72 करोड़ 80 हजार रुपए होगी।

मसलन अब चीन या अन्य देश की सीमा पर तैनात आईटीबीपी के जवानों के भोजन में किसी कंपनी का नहीं, बल्कि स्वदेशी शुद्ध सरसों के तेल से बना भोजन मिलेगा। केंद्रीय सुरक्षा बलों में आईटीबीपी अग्रणी बल है, जो सभी केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के लिए 17 करोड़ रुपए की अनुमानित लागत से कुल 2.5 लाख दरी की खरीदारी केवीआईसी के माध्यम से करने जा रहा है, जिसमें योगा किट भी शामिल होंगी।

चीन के साथ लगती 3,488 किलोमीटर लंबी वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) की रक्षा के लिए पर्वतीय-युद्ध में प्रशिक्षित यह बल इस तरह का समझौता करने वाला अर्धसैनिक बल या सीएपीएफ में से पहला है। अन्य केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों में सीआरपीएफ, सीआईएसएफ, बीएसएफ और एसएसबी शामिल हैं।

अन्य स्वदेशी सामान की आपूर्ति

उधर आईटीबीपी के जनसंपर्क अधिकारी विवेक पांडेय ने इस समझौते की पुष्टि करते हुए बताया कि भारत-तिब्बत सीमा पुलिस ने शुक्रवार को केन्द्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (सीएपीएफ) के लाखों कर्मियों के लिए विभिन्न प्रकार के 'स्वदेशी' और 'खादी' सामान की खरीद के लिए खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग के साथ यह करार किया है।

समझौते के शुरूआत सरसों का तेल की खदीद से की गई है, लेकिन अन्य दूसरे सामानों की आपूर्ति भी केंद्रीय सुरक्षा बलों को स्वदेशी सामानों के इस्तेमाल हेतु केवीआईसी आपूर्ति करेगा। इस करार के विस्तार की चर्चा के तहत केवीआईसी के जरिए से केंद्रीय सुरक्षा बलों द्वारा इस्तेमाल होने वाले दरी, कंबल और तौलिये, अस्पताल की चादर, खादी की वर्दी, अचार आदि अन्य स्वदेशी आवश्यक सामानों आपूर्ति का रास्ता प्रशस्त किया गया है, जिसके लिए केवीआईसी के साथ चर्चा चल रही है।

कैंटिनों में स्वदेशी सामान की बिक्री

गौरतलब है कि पीएम मोदी के आत्मनिर्भर भारत मिशन के ऐलान के बाद केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने देश में केंद्रीय सुरक्षा बलों की केंटिनों में स्वदेशी सामानों की बिक्री को अनिवार्य करने के आदेश दिये थे, जिसका मकसद 'स्वदेशी' उत्पादों की खरीद को प्रोत्साहन देना है। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के इस ऐलान के बाद सीएपीएफ कैंटीन केवल एक जून से केवल स्वदेशी या स्वदेश निर्मित उत्पाद की बिक्री कर रही है। आईटीबीपी सभी सीएपीएफ के लिए सामानों की खरीद के लिए नोडल एजेंसी है, जो स्वदेशी सामानों की खरीद को बढ़ावा दे रहा है।

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