logo
Breaking

Happy Republic Day 2019: गणतंत्र दिवस पर शायरी और शेर हिंदी में

भारत में हर साल 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस (Republic Day 2019) मनाया जाता है। इस दिन भारत में संविधान (Constitution) लागू हुआ था। इस मौके पर लोग आपस में एक दूसरे को शायरी (Shayari), कविता (Poems) भेजकर बधाई देते हैं। क्योंकि आजादी 200 सालों की लड़ाई के बाद 15 अगस्त 1947 को मिली थी। हमें हमारा संविधान 26 जनवरी 1950 को मिला था। इसी लिए इस दिन गणतंत्र दिवस (Republi Day Shayari) मनाया जाता है। आज हम आपको कुछ ऐसी ही देशभक्ति से भरी हुई शायरी (Shayari) बता रहे हैं जो आपमें जोश भर देंगी।

Happy Republic Day 2019: गणतंत्र दिवस पर शायरी और शेर हिंदी में

Happy Republic Day 2019

भारत में हर साल 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस (Republic Day 2019) मनाया जाता है। इस दिन भारत में संविधान (Constitution) लागू हुआ था। इस मौके पर लोग आपस में एक दूसरे को गणतंत्र दिवस पर शायरी (Republic Day Shayari), कविता (Republic Day Poems) भेजकर बधाई देते हैं। क्योंकि आजादी 200 सालों की लड़ाई के बाद 15 अगस्त 1947 को मिली थी। हमें हमारा संविधान 26 जनवरी 1950 को मिला था। इसीलिए इस दिन गणतंत्र दिवस (Republic Day) मनाया जाता है। आज हम आपको कुछ ऐसी ही देशभक्ति शायरी (Desh Bhakti Shayari) बता रहे हैं जो आपमें जोश भर देंगी। साथ ही गणतंत्र दिवस की इस शायरी (Republic Day Shayri) को आप दूसरों को भी भेज सकते हैं।


गणतंत्र दिवस पर शायरी (Republic Day Shayari)

ख़ुदा ऐ काश 'नाज़िश' जीते-जी वो वक़्त भी लाए

कि जब Hindostan कहलाएगा हिन्दोस्तान-ए-आज़ादी

गणतंत्र दिवस पर शायरी (Republic Day Shayari)

दिल से निकलेगी न मर कर भी वतन की उल्फ़त

मेरी मिट्टी से भी ख़ुशबू-ए-वफ़ा आएगी

गणतंत्र दिवस पर शायरी (Republic Day Shayari)

न होगा राएगाँ ख़ून-ए-शहीदान-ए-वतन हरगिज़

यही सुर्ख़ी बनेगी एक दिन उनवान-आज़ादी

गणतंत्र दिवस पर शायरी (Republic Day Shayari)

बोझ उठाए हुए फिरती है हमारा अब तक

ऐ ज़मीं माँ तिरी ये उम्र तो आराम की थी

गणतंत्र दिवस निबंध 2019: जानिए लोकतंत्र और गणराज्य में क्या है अंतर

गणतंत्र दिवस पर शायरी (Republic Day Shayari)

लहू वतन के शहीदों का रंग लाया है

उछल रहा है ज़माने में नाम-ए-आज़ादी

गणतंत्र दिवस पर शायरी (Republic Day Shayari)

वतन की ख़ाक ज़रा एड़ियाँ रगड़ने दे

मुझे यक़ीन है पानी यहीं से निकलेगा

गणतंत्र दिवस पर शायरी (Republic Day Shayari)

सरफ़रोशी की तमन्ना अब हमारे दिल में है

देखना है ज़ोर कितना बाज़ू-ए-क़ातिल में है

गणतंत्र दिवस पर शायरी (Republic Day Shayari)

सारे जहाँ से अच्छा हिन्दोस्ताँ हमारा

हम बुलबुलें हैं इस की ये गुलसिताँ हमारा

गणतंत्र दिवस पर शायरी (Republic Day Shayari)

लिख रहा हूं मैं अजांम जिसका कल आगाज आयेगा

मेरे लहू का हर एक कतरा इकंलाब लाऐगा

मैं रहूँ या ना रहूँ पर ये वादा है तुमसे मेरा कि

मेरे बाद वतन पर मरने वालों का सैलाब आयेगा

गणतंत्र दिवस पर शायरी (Republic Day Shayari)

खुशनसीब हैं वो जो वतन पर मिट जाते हैं

मरकर भी वो लोग अमर हो जाते हैं

करता हूँ उन्हें सलाम ए वतन पे मिटने वालों

तुम्हारी हर साँस में तिरंगे का नसीब बसता है

Share it
Top