Hari bhoomi hindi news chhattisgarh
Breaking

Happy New Year 2018: सरकार सुधारेगी बैंकों की हालत, बनाया ये बड़ा प्लान

नये साल 2018 में सरकार बैंकिंग सुधारों के सिलसिले को जारी रख सकती है। इसके अलावा सरकार का इरादा गैर निष्पादित आस्तियों (एनपीए) के बोझ से दबे सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में पूंजी निवेश करने का भी है।

Happy New Year 2018: सरकार सुधारेगी बैंकों की हालत, बनाया ये बड़ा प्लान

नये साल 2018 में सरकार बैंकिंग सुधारों के सिलसिले को जारी रख सकती है। इसके अलावा सरकार का इरादा गैर निष्पादित आस्तियों (एनपीए) के बोझ से दबे सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में पूंजी निवेश करने का भी है, जिससे ऋण की मांग को बढ़ाया जा सके। फिलहाल ऋण की वृद्धि दर 25 साल के निचले स्तर पर चली गई है।

सरकार ने इस साल अक्टूबर में बैंकों में 2.11 लाख करोड़ रुपए की भारी भरकम राशि डालने की घोषणा की थी। बैंकों में यह पूंजी दो साल के दौरान डाली जाएगी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों का एनपीए जून, 2017 में ढाई गुना से अधिक बढ़कर 7.33 लाख करोड़ रुपए पर पहुंच गया है, जो मार्च, 2015 में 2.75 लाख करोड़ रुपए पर था।

यह भी पढ़ें- खुशखबरी: मोदी सरकार का नए साल पर बड़ा तोहफा, एक लीटर पेट्रोल मिलेगा सिर्फ 45 रुपये में!

बैंकों को दिए जाने वाले 2.11 लाख करोड़ रुपए के पैकेज में से 1.35 लाख करोड़ रुपए पुनर्पूंजीकरण बांडों के जरिए डाले जाएंगे। वित्त मंत्रालय जल्द पुनर्पूंजीकरण बांडों के तौर तरीके की घोषणा करेगा। बैंकों में पूंजी डालने का काम इतना आसान नहीं होगा। पूंजी डालने के साथ बैंकों के बोर्ड को भी मजबूत किया जाएगा तथा डूबे कर्ज का निपटान भी जरूरी होगा।

सुधार एजेंडा शीर्ष प्राथमिकता

वित्तीय सेवा सचिव राजीव कुमार ने कहा, सुधार एजेंडा शीर्ष प्राथमिकता है जिसे पूंजीकरण के साथ क्रियान्वित किया जाएगा। कई सुधार लाए जाएंगे जिससे ईमानदार कर्जदाताओं को किसी तरह की परेशानी न होगा और उन्हें उनकी जरूरत के हिसाब से समय पर कर्ज मिल सके।

यह भी पढ़ें- परिजनों के सामने कुलभूषण जाधव ने खुद को माना भारतीय जासूस: पाक मीडिया

कुमार ने कहा कि सूक्ष्म, लघु और मझोले उपक्रमों (एमएसएमई), वित्तीय समावेशन तथा रोजगार सृजन पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।

Share it
Top