Top
Hari bhoomi hindi news chhattisgarh

पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दामों पर लगाम लगाने के लिए आएगा जीएसटी

ज्यादातर राज्यों में पेट्रोल की कीमत 70 रुपये और डीजल की कीमत 60 रुपये प्रति लीटर तक पहुंच गई हैं।

पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दामों पर लगाम लगाने के लिए आएगा जीएसटी
X

पेट्रोल और डीजल की कीमतों में लगी आग ने प्रदेश में भी आम लोगों को झुलसा दिया है। बुधवार को पेट्रोल की कीमत रायपुर में 70.88 रुपए हो गई।

यह तीन साल की अधिकतम कीमत है। इसी तरह डीजल की कीमत भी 63.34 रुपए तक पहुंच गई। कीमत से हड़बड़ाए पंप संचालकों ने केंद्र सरकार को पत्र लिखकर इसे जीएसटी के दायरे में लाने की मांग कर डाली।

दूसरी ओर बुधवार को सुबह पंप में पहुंचे लोगों ने जब मशीन में कीमत देखा तो हैरान रह गए। एक सप्ताह के भीतर ही पेट्रोल की कीमत में 45 पैसे की बढ़ोत्तरी हुई है।

डीजल का दाम भी सप्ताहभर में तेजी से बढ़ा है। जबकि अंतर्राष्ट्रीय बाजार में क्रूड ऑयल की कीमत में खासी कमी आई है। इसके बावजूद पेट्रोल और डीजल की कीमतों में वृद्धि ने आम लोगों को परेशान कर दिया है।

पेट्रोल और डीजल की कीमत में हर दिन बढ़ोत्तरी और रोज प्राइज सेटिंग के सिस्टम से आम लोग ही नहीं पंप संचालक भी हलाकान हैं।

पेट्रोल पंप ऑनर एसोसिएशन ने केंद्र सरकार को पत्र लिखकर पेट्रोलियम उत्पादों को जीएसटी के दायरे में लाने की मांग की है। इसमें छत्तीसगढ़ के पंप संचालक भी शामिल हैं।

एसोसिएशन द्वारा जीएसटी लागू होने के समय भी इन उत्पादों को दायरे में लाने की मांग की गई थी। इसे लेकर विरोध प्रदर्शन और आंदोलन भी किया गया था। जैसे-जैसे पेट्रोल की कीमत में वृद्धि हो रही है, एक बार फिर इसे जीएसटी में शामिल किए जाने की मांग सामने आने लगी है।

पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने पेट्रोल और डीजल के दाम की दैनिक समीक्षा (डेली डाइनैमिक प्राइसिंग) रोकने के लिए सरकार के हस्तक्षेप से इनकार किया है।

ईंधन के दाम में जुलाई के बाद से 7.3 रुपये प्रति लीटर की वृद्धि के साथ उठ रहे सवालों के बीच उन्होंने यह बात कही। मंत्री ने यह भी कहा कि सुधार जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि समय आ गया है कि जीएसटी परिषद पेट्रोलियम उत्पादों को जीएसटी के दायरे में लाने पर विचार करे।'

जीएसटी से ऐसे मिलेगी राहत

पेट्रोल पंप संचालकों के अनुसार वर्तमान में पेट्रोल की कीमत पर सबकुछ मिलाकर 35 फीसदी तक टैक्स लगता है। जबकि जीएसटी का अधिकतम दर 28 फीसदी है।

अगर इसी दर पर भी पेट्रोल की बिक्री की जाए तो आम आदमी को 7 फीसदी की राहत मिलेगी। 70.85 रुपए की दर से यह राशि 4.96 रुपए है। पेट्रोल पंप एसोसिएशन ने पेट्रोलियम उत्पादों को 18 फीसदी स्लैब में लाने की गुहार लगाई है। ऐसे में सीधे 12 रुपए तक राहत मिल सकती है।

सियासी उबाल भी

कांग्रेस मीडिया विभाग के चेयरमेन ज्ञानेश शर्मा ने कहा, नोटबंदी और जीएसटी की मार से लोग उबर भी नहीं पाए थे कि सरकार ने पेट्रोल डीजल की कीमतों में वृद्धि का पहाड़ा खड़ा कर दिया है।

जबकि कच्चे तेल की कीमत पहले की तुलना में काफी कम है। कांग्रेस ने पेट्रोल डीजल पर लगने वाले केंद्र और राज्य सरकार के करों को तत्काल कम करने की मांग की है।

एसोसिएशन ने लिखा पत्र

रायपुर पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष अखिल धगट ने कहा कि पेट्रोलियम उत्पादों को जीएसटी के दायरे में लाने की मांग को लेकर एसोसिएशन की राष्ट्रीय इकाई ने केंद्र सरकार को पत्र लिखा है। इन उत्पादों पर जीएसटी लागू होने से कीमतों में काफी कमी आएगी।

10 दिन में ऐसे बढ़े दाम...

दिन पेट्रोल डीजल

12 सितंबर 70.85 63.48

11 सितंबर 70.81 63.37

10 सितंबर 70.68 63.10

9 सितंबर 70.54 62.77

8 सितंबर 70.41 62.48

7 सितंबर 70.32 62.27

6 सितंबर 70.23 62.13

5 सितंबर 70.23 62.13

4 सितंबर 70.18 62.04

3 सितंबर 70.07 61.93

और पढ़े: Haryana News | Chhattisgarh News | MP News | Aaj Ka Rashifal | Jokes | Haryana Video News | Haryana News App

Next Story