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BIMSTEC Summite 2018 : इन देशों के बीच हर साल होता है बिम्सटेक सम्मेलन...

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नेपाल के काठमांडू में होने वाली दो दिवसीय ‘बे ऑफ बंगाल इनिशिएटिव फॉर सेक्टोरल टेक्नीकल एंड इकॉनोमिक को-ऑपरेशन’ (बिम्सटेक) के चौथे सम्मेलन में शामिल हुए हैं।

BIMSTEC Summite 2018 : इन देशों के बीच हर साल होता है बिम्सटेक सम्मेलन...

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बृस्पतिवार को नेपाल के काठमांडू में होने वाली दो दिवसीय ‘बे ऑफ बंगाल इनिशिएटिव फॉर सेक्टोरल टेक्नीकल एंड इकॉनोमिक को-ऑपरेशन’ (बिम्सटेक) के चौथे सम्मेलन में शामिल हैं। बिम्सटेक बंगाल की खाड़ी से सटे देशों के संगठन है। इस सम्मेलन में आपस में सभी सात देश-बांग्लादेश, भूटान, भारत, म्यांमार, नेपाल, श्रीलंका और थाइलैंड के नेता अपसी मुद्दों पर सुझाव देते हैं।

इन मुद्दों पर हो होगी चर्चा

इस बैठक में सदस्य देशों के बीच आतंकवाद सहित सुरक्षा के विविध आयाम, मादक पदार्थो की तस्करी, साइबर अपराध, प्राकृतिक आपदा के अलावा कारोबार एवं सम्पर्क से जुड़े विषयों पर चर्चा होगी और आपसी सहयोग मजबूत बनाने पर जोर दिया जायेगा और साथ ये माना जा रहा है कि पीएम मोदी बांग्लादेश की पीएम शेख हसीना से मुलाकात के दौरान एनआरसी का मुद्दें पर चर्चा कर सकते है।

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नेपाल जाने से पहले पीएम ने किया ट्वीट

पीएम ने कहा कि शिखर सम्मेलन का विषय शांतिपूर्ण, समृद्ध और सतत बंगाल की खाड़ी है और यह हम सभी की साझा आकांक्षाओं एवं चुनौतियों के संबंध में सामूहिक प्रतिक्रिया में मददगार होंगे। चौथा बिम्स्टेक शिखर सम्मेलन अब तक इस समूह के तहत हुई प्रगति को और आगे बढ़ायेगा और शांतिपूर्ण एवं समृद्ध बंगाल की खाड़ी के निर्माण का मार्ग प्रशस्त करेगा।

इन देशों के बीच होगा समिट

बता दें कि सात देश के इस समूह में दक्षेस के पांच देश -बांग्लादेश, भूटान, भारत, नेपाल और श्रीलंका शामिल हैं। इनके अलावा आसियान के दो देश म्यामांर और थाईलैंड भी इसके सदस्य हैं। विदेश मंत्रालय के अधिकारियों के अनुसार, आतंकवाद से मुकाबला सभी बिम्स्टेक देशों के लिए बहुत महत्वपूर्ण विषय है।

साल 2016 में भारत ने की थी मेजबानी

गोवा में वर्ष 2016 में संपन्न बिम्स्टेक आउटरीच सम्मेलन में जारी घोषणापत्र में आतंकवाद से मुकाबले पर विचार विमर्श का जिक्र था। उस बैठक में जोर दिया गया था कि आतंकवादी गतिविधियों को किसी भी तरह से जायज नहीं ठहराया जा सकता।

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