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मार्शल के रैंक और पद से भी कई गुना बड़ी थी अर्जन सिंह की विनम्रता, जानिए कुछ खास बातें

वह एक सफाई कर्मचारी से भी बड़े अदब और सम्मान से बात करते थे।

मार्शल के रैंक और पद से भी कई गुना बड़ी थी अर्जन सिंह की विनम्रता, जानिए कुछ खास बातें

कहने को तो मार्शल वायुसेना के शीर्ष पांच सितारा रैंक वाले अधिकारी थे। लेकिन उनके पास जीवन में इससे भी बड़ी एक और चीज थी। जो जीवनपर्यन्त तो हमेशा उनके साथ रही ही और अब मृत्यु के बाद भी उनके व्यक्तित्व के साथ सदा याद की जाएगी। वह थी मार्शल की सादगी और विनम्रता।

यहां बरार चौक पर अर्जन सिंह के अंतिम संस्कार के बाद उनके बेटे अरविंद और बेटी आशा सिंह ने यह जानकारी पत्रकारों के साथ साझा की। दोनों ने कहा कि उनके पिता उनकी नजर में एक बेहद सरल स्वभाव वाले ऐसे व्यक्ति थे। जो जानते थे कि एक इंसान की कद्र कैसे की जाती है? वह सभी से बल्कि एक सफाई कर्मचारी से भी बड़े अदब और सम्मान से बात करते थे।

विनम्रता बनेगी सीख

मार्शल के अंतिम संस्कार के लिए उनके बेटे अरविंद अमेरिका से लौटे हैं। उन्होंने कहा कि मेरे जीवन में मेरे पिता की एक बात मुझे हमेशा याद रहेगी। वह है उनकी विनम्रता और सादगी। मैंने अपने पिता से सीखा कि इंसानियत क्या होती है।

अर्जन सिंह लोगों के साथ बेहद सम्मान से पेश आते थे। अगर उन्हें कोई सफाई कर्मचारी भी मिल जाता था। तो उसे भी वह अपने बराबर का दर्जा देते थे। यही एक खास बात है। जो हमेशा मुझे याद रहेगी। अरविंद कहते हैं कि वह सही मायनो में एक परोपकारी थे।

नियति में लिखी थी महानता

सिंह के बेटे ने कहा कि उनके पिता की नियति में ही महान बनना लिखा था। उनकी बेटी आशा ने भी अपने पिता को याद करते हुए कहा कि वह एक बेहद निच्छल और सरल स्वभाव के व्यक्ति थे। उन्हें एक मामूली इंसान से भी बात करना बेहद अच्छा लगता था।

आशा कहती है कि वह हर किसी को खुद बढ़कर ही नमस्ते करते थे। चाहे वह कोई बड़ा अधिकारी हो या नहीं हो। वह हमेशा सभी से बड़ी आत्मियता से मिलते थे। वह उन लोगों को भी याद रखते थे। जो उनसे 50-60 साल पहले मिल थे। उन्होंने कहा कि उनके पिता का निधन उनके लिए एक बड़ा भारी नुकसान है।

आशा ने कहा कि मुझे इस बात की खुशी है कि वह इतिहास के पन्नों में हमेशा जिंदा रहेंगे। अर्जन सिंह की भतीजी मंदिरा बेदी ने कहा कि वायुसेना के इतने बड़े अधिकारी होने के बावजूद वह शायद ही कभी अपनी उपलब्धियों के बारे में बात करते थे। वह हमेशा आपकी जिदंगी में दिलचस्पी दिखाते थे और आपके बारे में जानना चाहते थे।

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