Top
Hari bhoomi hindi news chhattisgarh

कठुआ रेप केस: आरोपी के घरवालों के बाद जम्मू बार एशोसिएशन ने की CBI जांच की मांग

कठुआ में आठ साल की बच्ची के साथ हुए गेंग रेप और हत्या के मुख्य आरोपी के परिवार वालों और हिंदु एकता मंच के सदस्यों ने इस मामले की सीबीआई जांच की मांग को लेकर धरने पर बैठ गए है।

कठुआ रेप केस: आरोपी के घरवालों के बाद जम्मू बार एशोसिएशन ने की CBI जांच की मांग
X
जम्मू के कठुआ में आठ साल की बच्ची के साथ हुए गेंग रेप और हत्या के मुख्य आरोपी के परिवार वालों और हिंदु एकता मंच के सदस्यों ने इस मामले की सीबीआई जांच की मांग को लेकर धरने पर बैठ गए है। आरोपी के परिवार वालों का कहना है कि हमारे परिवार के सदस्यों को जानबूझकर फसाया जा रहा है। इसलिए हम इस मामले की निष्पक्ष और सीबीआई जांच की मांग करते है।
वहीं दूसरी तरफ कठुआ गैंग रेप और हत्या मामले को लेकर जम्मू बार एशोसिएशन के अध्यक्ष बीएस सलाथिया ने कहा कि हम हमेशा से इस मामलें की निष्पक्ष जांच की मांग करते आए है, हमारी मांग है कि दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। जम्मू बार एसोसिएशन इस मामलें की सीबीआई जांच की मांग करता है। सलाथिया ने आगे कहा कि जम्मू बार एसोसिएशन को लेकर गलत अफवाह उड़ाई जा रही हैं। जिसका मकसद राज्य में सामाजिक सोर्हाद को नुकसान पहुंचाना हैं।
आपको बता दें कि पीड़ित परिवार की वकील दीपिका एस राजावत को स्थानीय वकीलों और जम्मू और कश्मीर हाई कोर्ट में बार एसोसिएशन अध्यक्ष बीएस सलाठिया पर केस ना लड़ने के लिए धमकी का आरोप लगाया था। दीपिका सिंह राजावत ने यह भी कहा था, 'जम्मू-कश्मीर बार असोसिएशन के अध्यक्ष बीएस सलाठिया मुझे जम्मू-कश्मीर हाई कोर्ट में मिले और धमकाया कि केस मत लड़ो। अब वह झूठ बोल रहे हैं कि मैंने हाथ जोड़कर अपील की। आज मेरी नजरों में उनकी कोई इज्जत नहीं बची है।
पीड़ित परिवार की वकील दीपिका एस राजावत ने न्यूज एजेंसी एएनआई से बात करते हुए कहा कि 'हमने देखा कि किस तरह से स्थानीय वकीलों ने क्राइम ब्रांच को चार्जशीट फाइल करने से रोका गया। आप आरोपी को बचाने की कोशिश क्यों कर रहे हैं? क्या ये लोग किसी और उद्देश्य को पूरा करने की कोशिश कर रहे हैं? वे कह रहे हैं कि अपराध शाखा ने ठीक से जांच नहीं की है।
आपको बता दें कि कठुआ रेप और हत्या मामलें में जम्मू बार एसोसिएशन के वकील आपस में बंटे दिख रहे थे। एक वकीलों का समूह कठुआ मामलें की सीबीआई जांच की मांग कर रहा था। तो वहीं दूसरी तरफ दूसरा समूह पकड़े गए मुख्य आरोपी को लेकर प्रदर्शन कर रहा था। उनका मानना था कि आरोपी को जानबूझकर साजिशन फसाने की कोशिश की जा रही है। जिसे लेकर इलाके में दो गुटों के बीच झड़पा-झड़पी की सूचना भी मिल रही थी।
आपको बता दें कि जम्मू-कश्मीर में वकीलों की तरफ ने जम्मू बंद को लेकर देश की सियासत गरमा गई थी, इसको लेकर पूरे राज्य में गंभीर महौल बना हुआ था। वहीं दूसरी तरफ जम्मू-कश्मीर की नेश्नल पैंथर पार्टी के सदस्यों ने भी प्रदर्शन किया था। जम्मू-कश्मीर की सरकार ने इंस बंद को मद्देनजर रखते हुए पूरे राज्य में भारी सुरक्षा बल को तैनात किया था।
वहीं जम्मू-कश्मीर में वकीलों ने सरकार के खिलाफ जम्मू बंद का ऐलान किया था और साथ ही सरकार के सामने मांग रखी थी कि रोहिंग्या को जम्मू से निकाल दिया जाना चहिए, कठुआ में आठ साल की बच्ची के साथ रेप और खून के केस को सीबीआई के हाथ में दे दिया जाए। साथ ही जम्मू-कश्मीर की नेश्नल पैंथर पार्टी के सदस्यों ने भी इस मुद्दों को लेकर सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया था।

ये है पूरा मामला

आपको बता दें कि जम्मू संभाग के कठुआ मामले के आरोपपत्र से इस बात का खुलासा हुआ है कि आठ वर्षीय बच्ची को नशीली दवा दे कर रखा गया था और उसकी हत्या से पहले दरिंदों ने फिर से उसे हवस का शिकार बनाया था।
गौरतलब है कि इस बच्ची को जनवरी में एक हफ्ते तक कठुआ जिला स्थित एक गांव के एक मंदिर में बंधक बना कर रखा गया था और उससे छह लोगों ने कथित तौर पर बलात्कार किया था।
जम्मू कश्मीर पुलिस की अपराध शाखा ने यहां सोमवार को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में 15 पृष्ठों का आरोपपत्र दाखिल किया। इसमें इस बात का खुलासा हुआ है कि बकरवाल समुदाय की बच्ची का अपहरण, बलात्कार और हत्या इलाके से इस अल्पसंख्यक समुदाय को हटाने की एक सोची समझी साजिश का हिस्सा थी।
इसमें कठुआ स्थित रासना गांव में देवीस्थान, मंदिर के सेवादार को अपहरण, बलात्कार और हत्या के पीछे मुख्य साजिशकर्ता बताया गया है। सांझी राम के साथ विशेष पुलिस अधिकारी दीपक खजुरिया और सुरेंद्र वर्मा, मित्र परवेश कुमार उर्फ मन्नू, राम का किशोर भतीजा और उसका बेटा विशाल जंगोत्रा उर्फ शम्मा कथित तौर पर शामिल हुए।
आरोपपत्र में जांच अधिकारी (आईओ) हेड कांस्टेबल तिलक राज और उप निरीक्षक आनंद दत्त भी नामजद हैं जिन्होंने राम से कथित तौर पर चार लाख रूपया लिए और अहम सबूत नष्ट किए। किशोर की भूमिका के बारे में मंगलवार को एक अलग आरोपपत्र दाखिल किया गया।
सभी आठ लोग गिरफ्तार कर लिए गए हैं। वहीं जम्मू में वकीलों ने आरोपियों के समर्थन में आज कामकाज बंद रखा। आरोपपत्र में कहा गया है कि बच्ची का शव बरामद होने से छह दिन पहले 11 जनवरी को किशोर ने अपने चचेरे भाई जंगोत्रा को फोन किया था और मेरठ से लौटने को कहा था, जहां वह पढ़ाई कर रहा था।
दरअसल उसने उससे कहा कि यदि वह मजा लूटना चाहता है तो आ जाए। आठ वर्षीय बच्ची 10 जनवरी को लापता हो गई थी जब वह जंगल में घोड़ों को चरा रही थी।

और पढ़े: Haryana News | Chhattisgarh News | MP News | Aaj Ka Rashifal | Jokes | Haryana Video News | Haryana News App

Next Story