Top
Hari bhoomi hindi news chhattisgarh

शिवराज ने मानी PM की ये सलाह

केंद्र सरकार ने बजट की तारीख चार हफ्ते पहले कर पहली फरवरी कर दिया और बजट प्रक्रिया 31 मार्च से पूरी कर ली थी।

शिवराज ने मानी PM की ये सलाह
X

मध्यप्रदेश देश का पहला राज्य बन गया है जिसने वित्त वर्ष की तारीख बदलने का प्रस्ताव पर अपनी मुहर लगा दी है। प्रस्ताव के मुताबिक, वित्त वर्ष पहली अप्रैल के बजाए पहली जनवरी को शुरु होगा और खत्म 31 मार्च के बजाए 31 दिसम्बर को।

मध्य प्रदेश की शिवराज सिंह चौहान सरकार ने ये कदम नीति आयोग की गवर्निंग काउंसिल की 23 अप्रैल को हुई बैठक के बाद उठाया। उस बैठक में मोदी ने कहा था कि वित्त वर्ष जनवरी से दिसम्बर करने को लेकर सुझाव आए है। उन्होंने राज्यों से इस बारे में पहल करने की अपील की।

क्या-क्या बदलाव संभव

वित्त वर्ष की तारीख बदलने के बाद सबसे बड़ा बदलाव बजट पेश करने के टाइम टेबल में होगा। अगर जनवरी में वित्त वर्ष की शुरुआत हुई तो उम्मीद की जानी चाहिए कि केंद्र और राज्य सरकारें अपने बजट नवम्बर में पेश करेंगी, ताकि 31 दिसम्बर तक बजट पेश करने की प्रक्रिया पूरी हो जाए और उसके प्रावधान पहली जनवरी से लागू हो सके।

आपको बता दें कि इस वर्ष केंद्र सरकार ने बजट की तारीख चार हफ्ते पहले कर पहली फरवरी कर दिया और बजट प्रक्रिया 31 मार्च से पूरी कर ली गयी, ताकि पहली अप्रैल से बजट के मुताबिक खर्चा हो सके।

क्या होगा तारीख बदलने का फायदा

वित्त वर्ष की तारीख बदलने का एक बड़ा फायदा ये भी होगा कि मानसून के पहले ही खर्च को लेकर तमाम मंजूरी जुटायी जा सकेगी। अभी खर्च मंजूर होते-होते मई-जून तक का वक्त लग जाता है जिसके बाद मानसून शुरु हो जाता है और फिर निर्माण कार्य रुक जाता है।

अब यदि वित्त वर्ष की तारीख जनवरी हुई और उसी हिसाब से बजट पेश हुआ तो मानसून के काफी पहले खर्च मंजूर हो सकेगा। दूसरी ओर फसली मौसम और वित्त वर्ष को सीधा-सीधा जोड़ा जाना संभव हो सकेगा।

और पढ़े: Haryana News | Chhattisgarh News | MP News | Aaj Ka Rashifal | Jokes | Haryana Video News | Haryana News App

Next Story