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भोपाल: इन ढाई हजार परिवारों को मिला जमीन का मालिकाना हक

जिले में नजूल विभाग की जमीन पर काबिज लोगों को जमीन का मालिकाना हक देने के लिए सर्वे के बाद पट्टे देने का काम शुरू कर दिया गया है।

भोपाल: इन ढाई हजार परिवारों को मिला जमीन का मालिकाना हक
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जिले में नजूल विभाग की जमीन पर काबिज लोगों को जमीन का मालिकाना हक देने के लिए सर्वे के बाद पट्टे देने का काम शुरू कर दिया गया है। जिला प्रशासन के सर्वे में करीब 5 हजार 294 लोगों को मकानों के पट्टे दिए जाने थे, लेकिन सर्वे के बाद 2 हजार 240 परिवारों को ही पट्टे देने का पात्र माना गया है। जिसके बाद जिले में बेघर परिवारों को मकानों के पट्टे बांटने का काम शुरु कर दिया गया है। टीटी नगर सर्कल में अब तक 642 परिवारों को पट्टे बांट दिए गए हैं।

सरकारी जमीन पर 31 दिसंबर 2014 तक काबिज लोगों को आवासीय पट्टे दिए जा रहे हैं। इसके तहत सरकार ने इन लोगों को मकान का मालिकाना हक देने को मंजूरी दी है। इसके बाद जिला प्रशासन ने इन परिवारों को देने के लिए पट्टे देने का काम शुरू कर दिया है। इसके लिए सरकारी जमीन पर काबिज लोगों को गाइडलाइन के हिसाब से 450 वर्गफीट जमीन का पट्टा दिया जाएगा। जिला प्रशासन ने 2 हजार 440 परिवारों को पात्र माना है, जिन्हें जमीन का मालिकाना हक दिया जा रहा है।

इन इलाकों में मिले पट्टे

पीपलनेर, नयापुरा, हलालपुर, गोंदरमऊ, बड़वाई, सिंगारचोली, लाऊखेड़ी, नेवरी, रुसल्ली, पलासी, निशातपुरा, टीला जमालपुरा, बेहटा, भैंसाखेड़ी बैरागढ़-कला बोरवन, हुजूर, एमपी नगर, टीटी नगर सहित अन्य क्षेत्रों में काबिज लोगों को मकानों के पट्टे दिए जा रहे हैं।

2389 परिवारों ने ताने पक्के मकान

जिले में सरकारी जमीन पर करीब पांच हजार लोगों ने अवैध रूप से कब्जे किए हैं। जिनको आवासीय पट्टे दिए जा रहे हैं। सर्वे के दौरान अब तक 2389 मकान ऐसे सामने आए हैं, जो पक्के निर्माण हैं। जिसके तहत इन लोगों को पट्टे नहीं दिए जा रहे हैं। इन्हें जमीन का मालिकाना हक देने के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा गया है।

पट्टे बांटने का काम शुरु

2012 से 31 दिसंबर 2014 के बीच बनाए गए मकानों का सर्वे कर पट्टे बांटने का काम शुरु कर दिया गया है। यह पट्टे एसडीएम दफ्तरों से बांटे जा रहे हैं।

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