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शिक्षा मंत्री के रिश्तेदारों ने बैंककर्मी को सड़क पर दौड़ाकर पीटा, पीड़ित को भेजा हवालात

कैशियर ने पासबुक के लिए राशि की मांग शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार के बड़े भाई किसान हरिनारायण सिंह परमार से की थी। इसी बात को लेकर विवाद हुआ और कैशियर की लात घूंसों और लाठियों से पिटाई कर दी गई। विवाद की जानकारी लगते ही अवंतिपुर बड़ोदिया पुलिस मौके पर पहुंची और कैशियर को ग्रामीणों से छुड़ाया। पढ़िए पूरी खबर-

शिक्षा मंत्री के रिश्तेदारों ने बैंककर्मी को सड़क पर दौड़ाकर पीटा, पीड़ित को भेजा हवालात
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शाजापुर। मध्यप्रदेश के शाजापुर में पासबुक बनाने की बात को लेकर सेन्ट्रल बैंक की शाखा में शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार के बड़े भाई हरिनारायण परमार और बैंक कैशियर के बीच विवाद हो गया। बैंक में हुआ विवाद इतना बढ़ा गया कि हरिनारायण परमार ने अपने साथियों के साथ मिलकर बैंक के बाहर कैशियर की पिटाई कर दी। बैंक के बाहर ग्रामीणों की भीड़ इकट्ठा हो गई और जैसे ही कैशियर बैंक से बाहर आकर अपनी मोटर साइकिल से जाने लगा, हरिनारायण परमार ने रोककर पहले कैशियर के साथ गाली-गलौज की और उसके बाद परिजनों को बुलाकर कैशियर की डंडों और लात घूंसों से सरेआम पिटाई कर दी।

घटना शिक्षा मंत्री इंदरसिंह परमार के गृह ग्राम पोचानेर की है और विवाद करने वाला किसान शिक्षा मंत्री का बड़ा भाई है और मारपीट करने वाले परिजन शिक्षा मंत्री के रिश्तेदार हैं। कैशियर ने पासबुक के लिए राशि की मांग किसान से की थी। इसी बात को लेकर विवाद हुआ और कैशियर की लात घूंसों और लाठियों से पिटाई कर दी। विवाद की जानकारी लगते ही अवंतिपुर बड़ोदिया पुलिस मौके पर पहुंची और कैशियर को ग्रामीणों से छुड़ाया।

पुलिस ने हरिनारायण परमार की शिकायत पर कैशियर के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। कैशियर की पिटाई का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस की कार्रवाई पर सवाल खड़े हो रहे हैं। आखिर पुलिस ने किसके इशारे पर कैशियर के खिलाफ मामला दर्ज किया।

वायरल वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कैशियर की बेरहमी से पिटाई की गई और उसे जान बचाने के लिए भागना पड़ा। ग्रामीण ने कैशियर के पीछे भागकर फिर उसकी पिटाई की। कैशियर से मारपीट करने वाला हरिनारायण शिक्षा मंत्री का बड़ा भाई है और मारपीट करने वाले उनके रिश्तेदार हैं। आरोप है कि राजनीति संरक्षण के चलते पुलिस ने शिक्षा मंत्री के भाई और परिजनों पर कोई कार्रवाई नहीं की गई।

इस मामले में अवंतीपुर बड़ोदिया थाना के एस आई एच एल राजोरिया ने बताया कि-'किसान और कैशियर के बीच में पोचानेर के बैंक में पासबुक बनाने के पैसे मांगने पर विवाद हुआ था। इस पर बैंककर्मी के खिलाफ अपराध दर्ज कर गिरफ्तार कर किया गया था और न्यायलय में पेश करने के बाद उपजेल भेज दिया गया है।'

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