Hari bhoomi hindi news chhattisgarh

काम के पैसे मांगे तो मालिक ने दी जान से मारने की धमकी, मजदूरों ने मुख्यमंत्री से लगाई गुहार

हिमाचल प्रदेश (Himachal pradesh) में मजदूरों को साथ धोखाधड़ी (Fraud) का मामला सामने आया है। यह मामला राजधानी शिमला (Capital Shimla) की सुन्नी तहसील के गाड़ाहू गांव से सामने आया है। मजदूरों ने आरोप लगाया है कि एक व्यक्ति की बिल्डिंग का काम किया, लेकिन अब वो पैसा देने से मना कर रहा है।

काम के पैसे मांगे तो मालिक ने दी जान से मारने की धमकी, मजदूरों ने सीएम को लिखा पत्र
X

काम के पैसे मांगे तो मालिक ने दी जान से मारने की धमकी, मजदूरों ने सीएम को लिखा पत्र

हिमाचल प्रदेश (Himachal pradesh) में मजदूरों के साथ धोखाधड़ी (Fraud) का मामला सामने आया है। यह मामला राजधानी शिमला (Capital Shimla) की सुन्नी तहसील के गाड़ाहू गांव से सामने आया है। मजदूरों ने आरोप लगाया है कि मालिक हरिकृष्ण वर्मा ऊर्फ पिंकू की बिल्डिंग में दो महीने काम किया, लेकिन अब वो पैसा देने से मना कर रहा है। करीब 2 लाख 10 हजार रुपये बकाया है। इस बात पर 6 मजदूरों ने बिहार के सीएम नीतीश कुमार (CM Nitish Kumar) को चिठ्ठी लिख कर मदद की गुहार लगाई है और चिठ्ठी की प्रतिलिपि हिमाचल के उद्योग मंत्री को भी भेजी है। चिठ्ठी में मजदूरों ने गंभीर आरोप लगाए हैं।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, मुख्यमंत्री को लिखी चिठ्ठी में मजदूरों ने लिखा है कि मुख्यमंत्री महोदय हम दिहाड़ी दार श्रमिक हैं और रंग-रोगन काम करके अपना और अपने परिवार की आजिविका चलाते हैं। हम सभी बिहार राज्य के रहने वाले हैं। 11 मार्च 2021 को ग्राम गाड़ाहु तहसील सुन्नी, जिला शिमला, हिमाचल प्रदेश में मोती राम वर्मा की बिल्डिंग में कार्य करना शुरू किया। हमारी दिहाड़ी 700 रुपये और 800 रुपये प्रतिदिन निर्धारित की गई थी। आज 2 महीने पूरे हो गए हैं और मालिक ने हमे पैसा नहीं दिया है। जब-जब पैसा मांगने जाते हैं तो मालिक और उनका बेटा हरिकृष्ण वर्मा ऊर्फ पिंकू पैसा देने से इनकार करते हैं और मारने की धमकी दी जाती है।

पैसे न होने से घर वालों को हो रही है परेशानी

मजदूरों का आरोप है कि हमें बिना पैसा लिए यहां से भागने के लिए कहा जाता है, हमें मारने के लिए दराट भी लेकर आता है। हम गरीब लोग हैं और पिछले 2 महीने से घर के लिए कुछ भी पैसा नहीं भेज पाए हैं। कोरोना के चलते हमें और हमारे परिवारों को बहुत परेशानी उठानी पड़ रही है। हमारा राशन भी खत्म होने को आ गया है पास में कोई पैसा नहीं होने के कारण राशन खरीदने में भी असमर्थ हैं। मालिक का बेटा हमें यहां की पुलिस से पिटवाने की धमकी देता है। ऐसे माहौल में हम पराये प्रदेश में किस से मदद मांगे, यहां हमारो कोई नहीं है। आपसे विनती है कि किसी तरह से हमको बचाएं और हमारी दिहाड़ी से कमाए हुए पैसे दिलवाने की कृपा करें। हम सभी का लगभग 2 लाख 10 हजार रू बकाया है।

मजदूरों ने लगाए ये आरोप

इस चिठ्ठी में ठेकेदार ने अपना नाम बचन पौदार लिखा है, ये फुलकाहा, जिला मधेपुरा थाना गम्हरिया बिहार का रहने वाला है। इसने अपने 6 मजदूरों का नाम और पता भी लिखा है। इसके बाद इनके मालिक से फोन पर संपर्क करने की कोशिश की गई लेकिन काफी फोन नहीं उठाया। काफी बार फोन किया गया लेकिन कोई उत्तर नहीं मिल पाया। इस मामले में मजदूरों ने जिन पर आरोप लगाए हैं, उनका पक्ष आना अभी बाकी है।

Next Story