Hari bhoomi hindi news chhattisgarh

केले के गोदाम पर सीएम फ्लाइंग ने मारी रेड, तीन हजार का लगाया जुर्माना, जानें क्यों

सीएम उड़नदस्ते की टीम ने अटेली कस्बे में एक केले के गादाम को बिना लाइसेंस व मार्केट कमेटी फीस की चोरी को लेकर छापेमारी की, लेकिन उड़नदस्ते की टीम को ज्यादा कुछ नहीं मिला, लेकिन हड़कंप जरूर मच गया। उड़नदस्ते की टीम ने लाइसेंस नहीं होने पर तीन हजार की पेनेल्टी लगाई।

केले के गोदाम पर सीएम फ्लाइंग ने मारी रेड, तीन हजार का लगाया जुर्माना, जानें क्यों
X

मंडी अटेली : छापामार कार्रवाई करती सीएम फ्लाइंग। फोटो: हरिभूमि

हरिभूमि न्यूज : मंडी अटेली

निकाय चुनाव समाप्त होते ही सीएम फ्लाइंग ने चुनाव से मुक्त अटेली कस्बे में गुरुवार को छापेमारी की। सीएम फ्लाइंग टीम रेवाड़ी का नेतृत्व उपनिरीक्षक सतेंद्र, गुप्तचर विभाग के अलावा मार्केट कमेटी के अधिकारी व कर्मचारियों की मौजूदगी में कार्रवाई की। सीएम उड़नदस्ते की टीम ने अटेली कस्बे में एक केले के गादाम को बिना लाइसेंस व मार्केट कमेटी फीस की चोरी को लेकर छापेमारी की, लेकिन उड़नदस्ते की टीम को ज्यादा कुछ नहीं मिला, लेकिन हड़कंप जरूर मच गया। उड़नदस्ते की टीम ने लाइसेंस नहीं होने पर तीन हजार की पेनेल्टी लगाई।

सीएम फ्लाइंग में सब इंस्पेक्टर सत्येंद्र, कर्मपाल, गुप्तचर विभाग से सब इंस्पेक्टर लीलाराम, मार्केट कमेटी के सुपरवाइजर राकेश यादव, बिजली निगम के जेई नरेंद्र कुमार मौके पर पहुंचे। उड़नदस्ते की टीम का नेतृत्व करने वाले उपनिरीक्षक सतेंद्र ने बताया कि उनको सूचना मिली कि अटेली कस्बे में बिना लाइसेंस के केले गोदाम से मार्केट कमेटी चोरी हो रही है। उड़नदस्ते की टीम ने केला गोदाम होने के चलते सचिव मार्केट कमेटी यदुराज यादव को भी सूचित किया गया तथा गोदाम पर लगे बिजली मीटर की जांच के लिए बिजली निगम के जेई नरेंद्र सिंह को भी मौके पर बुलाया गया। केले के गोदाम में दस टन के करीब केला पाया गया, मार्केट कमेटी के सचिव ने बताया कि मंडी यार्ड के बाहर बागवानी वस्तुओं पर मार्केट कमेटी की मार्केट फीस लागू नहीं है, जिस कारण गोदाम में मौजूद दस टन से कोई भी मार्केट फीस नहीं वसूली गई।

गोदाम का लाइसेंस गोदाम मालिक द्वारा नहीं लिया गया। इस पर टीम ने तीन हजार रुपये का जुर्माना लगाया। मार्केट कमेटी की फीस नहीं होने पर बिजली मीटर गड़बड़ी की जांच के लिए बिजली निगम के जेई नरेंद्र कुमार को भी मौके पर बुलाया गया। जेई द्वारा मीटर की जांच की गई, जिसमें शक होने पर गोदाम का मीटर जांच के लिए लैब में भेजने के लिए उतार लिया गया तथा दूसरा मीटर गोदाम पर लगा दिया। यह गोदाम 20 गज के कमरे में बना हुआ है।

और पढ़ें
Next Story