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वक्त पर नहीं मिला दूसरा डोज, विशेषज्ञों ने कहा- जब मिले तब लगवा लें, कोई हानि नहीं

वैक्सीन सप्लाई में देर के कारण प्रदेश में बड़ी संख्या में लोगों को तय वक्त पर दूसरी डोज नहीं मिल पाई है। हालत यह है, प्रदेश में सिर्फ 6 फीसदी लोगों को ही दोनों डोज लगी है। वक्त निकल जाने के बाद लोग दूसरी डोज में दिलचस्पी भी नहीं दिखा रहे हैं। इस पर विशेषज्ञों का कहना है, यदि दूसरे डोज के लिए निर्धारित अवधि निकल गई है, तब भी वैक्सीन लगवाने में कोई नुकसान नहीं है।

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कोरोना वैक्सीन

रायपुर. वैक्सीन सप्लाई में देर के कारण प्रदेश में बड़ी संख्या में लोगों को तय वक्त पर दूसरी डोज नहीं मिल पाई है। हालत यह है, प्रदेश में सिर्फ 6 फीसदी लोगों को ही दोनों डोज लगी है। वक्त निकल जाने के बाद लोग दूसरी डोज में दिलचस्पी भी नहीं दिखा रहे हैं। इस पर विशेषज्ञों का कहना है, यदि दूसरे डोज के लिए निर्धारित अवधि निकल गई है, तब भी वैक्सीन लगवाने में कोई नुकसान नहीं है। जब भी वैक्सीन मिले, सेकंड डोज लगवाया जा सकता है। हालांकि प्रयास होना चाहिए कि वैक्सीन की दोनों डोज निर्धारित समय में लग जाए।

गौरतलब है, प्रदेश में अब तक 1 करोड़ 15 लाख लोगों को कोरोना वैक्सीन लग चुकी है। इनमें से 20 लाख लोगों को ही कोरोना वैक्सीन की दोनों डोज लगी है। प्रथम डोज लगवाने वाले लगभग साढ़े तीन लाख लोग ऐसे हैं, जिनके दूसरे डोज की तारीख निकल चुकी है, इसके बाद भी उन्होंने वैक्सीन नहीं लगवाया है। वैक्सीन आने के बाद अब इन्हें फोन कर दूसरे डोज के लिए बुलाया जा रहा है। वैक्सीन की कमी, सेंटरों में भीड़ सहित कई कारणों से इतनी बड़ी संख्या में लोगों ने दूसरा डोज नहीं लगवाया है।

बहुत फर्क नहीं

राज्य टीकाकरण अधिकारी डॉ. विश्वनाथ भगत का कहना है, यदि दूसरे डोज की निर्धारित तिथि निकल गई है तब भी इसे बाद में लगवाने में कोई दिक्कत नहीं है। दूसरा डोज बूस्टर का काम करता है। दो डोज के बीच अंतर वैज्ञानिक अध्ययन के बाद तय किया गया है। कुछ नहीं से कुछ होना अच्छा है। इसलिए देर हो गई है तब भी वैक्सीन लगवा सकते हैं। वहीं पूर्व राज्य टीकाकरण अधिकारी डॉ. अमर सिंह के मुताबिक, तय तिथि बीत जाने के बाद भी यदि दूसरा डोज लगाते हैं तब भी बूस्टर इफेक्ट आएगा ही। दूसरे डोज में देर हो जाने पर भी कोई नुकसान नहीं है।

3 से 4 महीने तक

एम्स के वैक्सीनेशन सेंटर के नोडल ऑफिसर डॉ. अंजन गिरी के मुताबिक, दूसरा डोज 3 से 4 महीने तक लगवा सकते हैं। शोध के मुताबिक, देर के बाद भी प्रभाव कम नहीं होगा। इसके लिए विस्तृत गाइडलाइन भी जारी की गई है। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के हाॅस्पिटल बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. राकेश गुप्ता के अनुसार, यह जरूरी नहीं है कि दूसरी डोज के लिए दी गई तारीख पर ही टीका लगवाया जाए। तिथि निकलने के बाद भी वैक्सीन लगवा सकते हैं। हालांकि दूसरा डोज वक्त पर लगाने से अधिक फायदा मिलेगा।

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