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कोरोना-बाढ़ की दोहरी मार झेल रहा राज्य, जदयू ने उपेंद्र कुशवाहा को सौंपी ये बड़ी जिम्मेदारी

बिहार इस समय कोरोना व बाढ़ की मार से ग्रस्त है। इस बीच जदयू ने एक बड़ा निर्णय लिया है। यानी 10 जुलाई से उपेंद्र कुशवाहा बिहार के दौरे पर निकलेंगे, शुरूआत पश्चिम चंपारण से होगी।

JDU leader Upendra Kushwaha will help Corona and flood affected people visiting all districts of Bihar
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उपेंद्र कुशवाहा

लोक जनशक्ति पार्टी (LJP) और राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के बाद अब जयदू (JDU) भी एक्शन मोड में आ चुकी है। बिहार (Bihar) वर्तमान में कोरोना महामारी व बाढ़ की दोहरी मार सह रहा है। वहीं कोरोना को मात देने के लिए सीएम नीतीश कुमार (CM Nitish Kumar) द्वारा 6 महीनों में 6 करोड़ लोगों को वैक्सीन दिए जाने के अभियान की शुरूआत की गई है। वहीं बाढ़ के संकट की बात करें तो उत्तरी बिहार समेत नेपाल से सटे राज्य के ज्यादातर क्षेत्र बाढ़ग्रस्त (area flooded) हैं। इस बीच पार्टी की ओर से जदयू के राष्ट्रीय संसदीय बोर्ड अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा (Upendra Kushwaha) को अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है। जानकारी के अनुसार उपेंद्र कुशवाहा 10 जुलाई से बिहार के बाढ़ग्रस्त इलाकों (flood affected areas of bihar) के दौरे पर निकलेंगे। जिसकी शुरूआत उपेंद्र कुशवाहा पश्चिम चंपारण जिले से करेंगे।

जदयू एमएलसी उपेंद्र कुशवाहा ने मंगलवार को स्वयं ट्वीट कर इस बारे में सूचना शेयर की है। कहा गया कि कि पार्टी की ओर से राज्यभर में उनके जिलेवार दौरे सहित प्रवास का कार्यक्रम निर्धारित किया गया है। जिसकी शुरुआत 10 जुलाई से पश्चिम चंपारण जिले से होगी। उस वक्त कोराना, बाढ़ समेत अन्य प्राकृतिक आपदाओं का सामना कर रहे आमजनों की मदद करने के लिए उपेंद्र कुशवाहा पूरे एक्शन मोड़ में रहेंगे। इसके अलावा उपेंद्र कुशवाहा सीएम नीतीश कुमार द्वारा चलाई जा रही सरकारी योजनाओं का लाभ जरूरतमंदों तक पहुंचाने में पार्टी कार्यकर्ताओं की ज्यादा से ज्यादा भुमिका सुनिश्चित करेंगे।

आपको बता दें, उपेंद्र कुशवाहा इसी वर्ष जदयू में शामिल हुए थे। कुशवाहा ने अपनी पार्टी का जदयू में विलय कर लिया था। इसके बाद से ही सीएम नीतीश कुमार और उपेंद्र कुशवाहा की नजदीकियां देखकर कयासें लग रहे थे कि नीतीश कुमार भविष्य में उन्हें बड़ी जिम्मेदारी सौंप सकते हैं। जो फिलहाल कुछ हद तक सही सिद्ध होती हुई दिखाई दे रही है। वैसे केंद्रीय मंत्रिमंडल में जदयू के शामिल होने को देखते हुए पार्टी प्रदेश स्तर पर स्वयं को मजबूत करने के प्रयास में जुट गई है। काफी दिनों से बिहार में विपक्षी दल हमलावार है व लगातार जन समस्याओं के मुद्दे उठा रहे हैं। साथ ही बिहार सरकार पर हमले बोलते रहे हैं। विपक्षी पार्टियों को करार उत्तर देने और जनता के मन में फिर से आकर्षण पैदा करने के लिए जदयू ने कवायद शुरू कर दी है।

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