Hari bhoomi hindi news chhattisgarh

शौचालय में रहने को मजबूर दादी-पोती की मदद करने पहुंची एक्ट्रेस अक्षरा सिंह, घर बनवाने और 8 वर्षीय बच्ची के लिए किया यह वादा

सीएम नीतीश कुमार के गृह जिले नालंदा में एक बुजुर्ग महिला अपनी आठ साल की पोती के साथ शौचालय में जीवन जीने के लिए मजबूर है। अब इसी पीड़ित परिवार की मदद करने के लिए एक्ट्रेस एवं सिंगर अक्षरा सिंह नालंदा पहुंची।

Bhojpuri actress Akshara Singh gave financial help for grandmother and granddaughter living in toilet in Nalanda bihar news
X

एक्ट्रेस अक्षरा सिंह 

सिंगर एवं एक्ट्रेस अक्षरा सिंह (Actress Akshara Singh) शनिवार को नालंदा (Nalanda) जिले के करायपरशुराय प्रखंड में दिरीपर गांव पहुंची। यहीं पर एक बुजुर्ग महिला कौशल्या देवी अपनी 8 साल की पोती धर्मशीला कुमारी के साथ शौचालय (toilet) में रहने के लिए मजबूर हैं। भोजपुरी सुपर गर्ल अक्षरा सिंह (Bhojpuri Super Girl Akshara Singh) ने वहां जाकर दादी-पोती (grand-granddaughter) की हालात का जायजा लिया। इसके बाद अक्षरा सिंह ने दादी-पोती को आर्थिक मदद (Financial help for grandma and granddaughter) दी। अक्षरा सिंह ने बुजुर्ग महिला के इस हाल को दुर्भाग्यपूर्ण करार दिया व साथ ही कहा कि यह घटना रोंगटे खड़े कर देने जैसा है। मैं शॉक्ड हूं कि इस बुजुर्ग मां के पास रहने के लिए घर नहीं है।

अक्षरा सिंह ने बताया कि मुझे इस बुजुर्ग महिला के हालातों की जानकारी सोशल मीडिया के माध्यम से हुई थी। यह जानकर काफी दुख पहुंचा कि एक बूढ़ी मां के पास रहने के लिए घर नहीं है। वो इतनी गरीब है कि उनके पास सर छिपाने को छत तक नहीं है ना ही इस बुजुर्ग महिला के बुढ़ापे का कोई सहारा है। सिर्फ वो बिना मां-बाप की 8 साल की पोती के साथ शौचालय में जीवन काटने को मजबूर है। बेसहारा दादी कौशिल्या की मदद के लिए पहुंची अक्षरा सिंह ने उन्हें लिफाफे में कुछ नगदी दी।

घर बनवाने और बच्ची की पढ़ाई का खर्च उठाने का किया वादा

भोजपुरी अभिनेत्री के अचानक पहुंचते ही मौके पर काफी लोग इकट्ठा हो गये। इतना ही मदद के लिए पहुंची अक्षरा सिंह को देख बुजुर्ग कौशिल्या की आंखों से आंसू बहने लगे। इस पर अक्षरा सिंह ने एक बंद पैकेट में बुजुर्ग को अपना और पोती का पेट भरने के लिए कुछ नगदी दी। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि मैं आप का घर बनवाउंगी। इतना ही नहीं अक्षरा सिंह ने कौशिल्या की 8 वर्षीय पोती की पढ़ाई लिखाई कराने और उसका खर्च खुद उठाने का वादा किया है।

Next Story