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चेहरे को जवां रखने के लिए करें ये आसन

शरीर के हर हिस्से की सेहत के लिए कोई न कोई आसन उपलब्ध है।

चेहरे को जवां रखने के लिए करें ये आसन

अभी तक आपने त्वचा की सेहत के लिए कई तरह के फेस पैक्स आदि का ही इस्तेमाल किया होगा।

आज हम आपको त्वचा की बेहतरी के लिए कुछ योगासनों के बारे में बताने जा रहे हैं।

इन योगासनों का इस्तेमाल कर आप न सिर्फ अपनी त्वचा को खूबसूरत बना सकते हैं बल्कि उन्हें तमाम तरह की बीमारियों से भी बचा सकते हैं।

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जैसा कि हम सभी जानते हैं कि योग में शरीर के हर हिस्से की सेहत के लिए कोई न कोई आसन उपलब्ध है।

ऐसे ही कुछ योगासन आपकी त्वचा की बेहतरी के लिए भी जरूरी होते हैं। इन्हें नियमित रूप से करना आपकी त्वचा को बेहद खूबसूरत बनाता है।

1. शीर्षासन

  • यह एक कठिन प्रक्रिया हैय़ इसे करने के लिए जबर्दस्ती नहीं करना चाहिए। यदि यह आपसे हो पाए तभी करें।
  • इसे करने के लिए सबसे पहले अपनी उंगलियों को एक-दूसरे से जकड़कर अपने सिर को उस पर रखें।
  • अब अपने हिप्स को धीरे-धीरे ऊपर की तरफ इस तरह उठाएं कि आपका सारा भार सिर पर आ जाए, मतलब कि आप ऐसी अवस्था में हों कि आपका सिर नीचे तथा पांव ऊपर की ओर हो।
  • इस अवस्था में धीरे-धीरे संतुलन बनाएं। इस स्थिति में सामान्य सांस के साथ 30 सेकंड तक रहें।
  • धीरे-धीरे पुन:स्थिति में आएं। ऐसा 3-4 बार करें।

2. सर्वांगासन

  • चटाई पर पीठ के बल लेट जाएं तथा पैरों को 90 डिग्री के कोण में ऊपर उठाएं। घुटने सीधे रखें।
  • अब हाथों से कमर को पकड़ते और सपोर्ट देते हुए अपने हिप्स और धड को ऊपर की तरफ सीधे उठाएं।
  • अपनी कोहनियों को जितना संभव हो सटा कर रखें। सामान्य सांस के साथ कुछ देर ऐसे ही रहें फिर पूर्व अवस्था में लौट आएं।

3. कपालभाति

  • सिद्धासन या फिर वज्रासन में बैठ जाएं। आंखें बंद रखते हुए जोर से सांस को बाहर की तरफ छोड़ें।
  • इस क्रिया को पांच मिनट दोहराएं। बाद में समय बढ़ाकर 10 मिनट तक भी कर सकते हैं।

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4. सुखासन

  • सबसे पहले फर्श पर एक दरी बिछाएं और दोनों पैरों को मोड़ कर बैठ जाएं।
  • पैर कुछ इस तरीके से मोड़ कर बैठे कि एक पैर का नीचला हिस्सा बाहर की और दिखे और दूसरा अगले पैर के जांघों के नीचे।
  • उसके बाद सीधे बैठें और अपने रीड की हड्डी को सीधा रखें।
  • अपने दोनों हांथों के हथेलियों को ऊपर करके अपने घुटनों पर रखें और ज्ञान मुद्रा धारण करें।
  • धीरे-धीरे लम्बी सांस लें और धीरे-धीरे फिर सांस छोड़ें।
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