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सावधान! इस उम्र की महिलाओं को सबसे ज्यादा हो रहा है सर्वाइकल कैंसर, जानें लक्षण

सर्वाइकल कैंसर इन दिनों तेजी से बढ़ रहा है। सर्वाइकल कैंसर होने के कई कारण हो सकते हैं। सर्वाइकल कैंसर के शुरूआती दौर में पता लगने पर इसे पूरी तरह से ठीक किया जा सकता है।

सावधान! इस उम्र की महिलाओं को सबसे ज्यादा हो रहा है सर्वाइकल कैंसर, जानें लक्षण

सर्वाइकल कैंसर इन दिनों तेजी से बढ़ रहा है। सर्वाइकल कैंसर होने के कई कारण हो सकते हैं। सर्वाइकल कैंसर के शुरूआती दौर में पता लगने पर इसे पूरी तरह से ठीक किया जा सकता है।

बता दें कि 16-30 वर्ष की आयु-वर्ग की महिलाओं को सबसे सर्वाइकल कैंसर होने का खतरा रहता है। जी हां, हाल ही में हुई रिसर्च में इस बात का खुलासा किया गया है।

आम तौर पर महिलाओं में पाया जाने वाला HPV (ह्यूमन पेपीलोमा वायरस) जल्दी ठीक हो जाता है, लेकिन गंभीर रूप लेने पर यह सर्वाइकल कैंसर का रूप ले लेता है।

सर्वाइकल कैंसर की संभावना ज्यादा

एनबीटी की खबर के मुताबिक एसआरएल डायग्नोस्टिक्स ने सर्वाइकल कैंसर स्क्रीनिंग में HPV परीक्षण के पूर्वव्यापी विशलेषण में पाया है कि 16-30 आयु वर्ग की 14 प्रतिशत महिलाओं में एचपीवी उच्चतम स्तर पर था। इस स्थिति में सर्वाइकल कैंसर की संभावना ज्यादा होती है। इसके अलावा 61-85 वर्ष आयु वर्ग की महिलाओं में सर्वाइकल कैंसर की संभावना 9 फीसदी रही।

ऐसे की गई रिसर्च

वैश्विक मानक पद्धति-हाइब्रिड कैप्चर का उपयोग करते हुए साल 2013-2017 के बीच देश भर में 3,000 से ज्यादा महिलाओं का उच्च जोखिम एचपीवी संक्रमण के लिए लगातार परीक्षण किया गया। इसमें कुल मिलाकर, 8.04 फीसदी महिलाओं में एचपीवी संक्रमण दिखा।

मौत का दूसरा कारण

भारत में सर्वाइकल कैंसर से होने वाली मौतों के एक-तिहाई मामले पाए जाते हैं। इसके अलावा देश में सर्वाइकल कैंसर के 1 लाख 32 हजार मामलों का प्रतिवर्ष निदान किया जाता है। इस इस दौरान लगभग 74 हजार मामलों में मौत हो जाती है। बता दें कि स्तन कैंसर के बाद सर्वाइकल कैंसर है, जो महिलाओं की मौत का दूसरा प्रमुख कारण है। किसी महिला के जीवन के प्रजनन काल की शुरुआत में भी सर्वाइकल कैंसर हो सकता है।

कैंसर की वजहें

सर्वाइकल कैंसर की कई वजहें हो सकती हैं। धूम्रपान, असुरक्षित यौन संबंध, कई बच्चे होने, गर्भनिरोधक गोलियों का लंबे समय तक उपयोग करने के अलावा एचआईवी और एचपीवी संक्रमण होने के कारण सर्वाइकल कैंसर का कारण बन सकता है।

कैंसर के प्रमुख लक्षण

  • अनियमित माहवारी
  • संबंध बनाने के बाद प्राइवेट पार्ट से असामान्य खून बहना
  • पीठ, पैर या पेडू में दर्द होना
  • थकान, वजन कम होना या भूख न लगना
  • योनि से दुर्गन्ध वाला स्राव होना
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