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थर्मल ट्रीटेड 6 जनरेशन से दांतों की पेनफुल सर्जरी से मिलेगी राहत

थर्मल ट्रीटेड तकनीक डेंटल सर्जरी खास तकनीक है।

थर्मल ट्रीटेड 6 जनरेशन से दांतों की पेनफुल सर्जरी से मिलेगी राहत

अब तक दांतों की जड़ों में होने वाली सर्जरी, जिसे रूट कैनल ट्रीटमेंट कहते हैं, इस रूट कैनाल ट्रीटमेंट के लिए कन्वेंशनल फाइल सर्जरी सिस्टम का इस्तेमाल होता रहा है।

इस दंत चिकित्सा पद्धति से दांतों की जड़ों के नसों की रिप्लेसमेंट,'सफाई व सर्जरी करने में मरीज के काफी दर्द का सामना करना पड़ता है। इसके साथ ही यह चिकित्सा पद्धति बहुत ही पेचीदा व खर्चीली है।

इस रूट कैनाल चिकित्सा पद्धति को उन्नत बनाने के लिए एडवांस डेंटल ट्रीटमेंट थर्मल ट्रीटेड 6 जनरेशन रूट कैनाल सर्जरी तकनीक का अविष्कार फ्रांस की एक कंपनी ने किया है। इस चिकित्सा पद्धति के इस्तेमाल से दांतों की रूट कैनाल ट्रीटमेंट को सरल व दर्द निवारक बनाया जा सकेगा।

इस नवीन व एडवांस दंत चिकित्सा तकनीक के बारे में अमन देश के जॉडन शहर से आए रूट कैनाल स्पेशलिस्ट डॉ. मोहम्मद होमो ने प्रेजेंटेशन के माध्यम से देश व विदेशों से आए डेंटिस्ट डॉक्टर्स को बताया।

डॉ. होमो शनिवार को वीआइपी रोड स्थित एक हॉटल में 32 डेंटल एकेडमी छत्तीसगढ़ द्वारा अयोजित इंटरनेशनल डेंटल ट्रीटमेंट एंड रिसर्च पर आधारित वर्कशॉप पर बोल रहे थे। अकादमी के अध्यक्ष डॉ. विवेक अग्रवाल,'डॉ जिगनेश सेठ, डायरेक्टर बॉम्बे डेंटल एंड सर्जिकल सहित बड़ी संख्या में डॉक्टर्स सेमीनार में मौजूद रहे।

दांतों की पेनफुल सर्जरी से मिलेगी राहत

थर्मल ट्रीटेड तकनीक डेंटल सर्जरी की अपने तरह की खास तकनीक है। जिससे दांतों की रूट कैनाल से जुड़ी समस्या का इलाज पुराने कन्वेंशनल फाइल सर्जरी से किया जाता रहा है, पर फ्रांस की एक कंपनी द्वारा विकसित थर्मल ट्रीटेड रूट कैनाल सिस्टम से दांतों का इलाज पूरी तरह दर्द मुक्त बन जाएगा।

इसके साथ ही यह इलाज का सबसे बेहतर व सरल तकनीक में से एक है। जिसके इस्तेमाल से दांतों की हर समस्या को सही किया जा सकेगा।

ऐसे करें दांतों की केयर

सेमीनार में बॉम्बे से पहुंचे डेंटिस्ट जिगनेश सेठ ने कहा कि दांतों कि कैविटी से बचना है, तो दिन में दो टाइम ब्रश करना, हेल्दी डाइट व लाइफ स्टाइल को संतुलित बनाना, इसके अलावा हर छह महीने में डेंटल चेकअप अनिवार्य रूप से कराते रहने से दांतों की प्रॉबलम से बचा जा सकता है।

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