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अगर चाहिए चमकती-दमकती खूबसूरत त्वचा, तो रोज करें ये तीन योगासन

अगर आप अपनी त्वचा को लंबे समय तक युवा और खूबसूरत बनाए रखना चाहते हैं तो बाहरी उपायों के साथ कुछ योगासनों का भी अभ्यास नियमित तौर पर करें और फिर देखें इसका असर।

अगर चाहिए चमकती-दमकती खूबसूरत त्वचा, तो रोज करें ये तीन योगासन
21 जून को देश और दुनिया में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2018 मनाया जाएगा। अगर आप अपनी त्वचा को लंबे समय तक युवा और खूबसूरत बनाए रखना चाहते हैं तो बाहरी उपायों के साथ कुछ योगासनों का भी अभ्यास नियमित तौर पर करें और फिर देखें इसका असर।

पद्मासन

इस आसन से शरीर के सभी स्नायुतंत्र खुल जाते हैं, सुषुम्ना नाड़ी सक्रिय होती है। इससे चेहरे की कांति बढ़ती है।
विधि: उत्तर या पूर्व दिशा की ओर अपना मुख कर सुखपूर्वक बैठें। रीढ़ सीधी रखते हुए बाएं पैर के पंजे को दाहिनी जंघा पर और दाहिने पैर के पंजे को बाएं पैर की जंघा पर रखें। घुटने जमीन से लगे रहें। अब बाएं हाथ को दोनों पैरों के तलवों से थोड़ा ऊपर इस प्रकार रखें कि दाहिनी हथेली बाईं हथेली के ऊपर रहे और दोनों हथेलियां नाभि को स्पर्श करती हुई हों।
इस स्थिति में धीमी-लंबी-गहरी श्वांस के साथ जितनी देर संभव हो रुकें और भाव करें कि आपके सभी चक्र जागृत हो रहे हैं। हथेलियों को नाभि के पास रखने के बजाय, यदि पैरों को जांघों पर रखकर ज्ञानमुद्रा (अंगूठे तर्जनी के अग्र भाग से मिले हुए तथा शेष अंगुलियां सीधी) लगा ली जाएं, तो यह आसन काफी अधिक समय तक किया जा सकता है।

त्रिकोणासन

इससे फेफड़े और हृदय की कार्यपणाली सुधरती है और त्वचा को अधिक ऑक्सीजन की आपूर्ति होती है। इससे त्वचा पर निखरा आता है।
विधिः सबसे पहले दोनों पैरों के बीच 2 से 3 फुट का फासला रखकर खड़े हों और अपनी बाहों को कंधे के समानांतर फैलाएं। धीमी सांस लेते हुए अपने दाएं हाथ को सिर के ऊपर ले जाएं ताकि वह कान को छूने लगे। फिर धीरे-धीरे सांस छोड़ते हुए बाईं ओर झुकें।
घुटने सीधे रहें और हाथ भी कान से लगे रहें। दाईं बांह जमीन के समांतर और बाईं बांह, बाएं पांव के समांतर हो, लेकिन बांह उस पांव पर टिके न हो। इस स्थिति में धीमी गति से सांस लें और छोड़ें। अंत में, सांस भरते हुए धीरे-धीरे सामान्य स्थिति में आ जाएं। फिर पूरी प्रक्रिया दूसरे पांव से भी दोहराएं। इसी चक्र को 3-5 बार करें।

शीर्षासन

इस आसन से चेहरे के आस-पास रक्तप्रवाह बढ़ने से ऊपरी हिस्सों को पर्याप्त पोषण मिलता है और आपकी त्वचा मुलायम बनी रहती है।
विधिः सबसे पहले पंजों और घुटनों के बल बैठें। दोनों हथेलियों को इंटरलॉक कर हथेलियों और सिर को जमीन पर टिका दें। अब अपनी आंखों को कोमलता से बंद कर हथेलियों पर सिर को रखें और पंजों को संतुलित रखते हुए धीरे-धीरे ऊपर की ओर उठाएं।
दो से तीन मिनट बाद,पहले घुटनों को धीरे से मोड़ें,उन्हें आगे की ओर लाएं और अंत में पंजों को जमीन से सटा दें। इस स्थिति में कुछ पल रहने के बाद शवासन करें। पूरी प्रक्रिया के दौरान सहस्त्रार चक्र पर अपना ध्यान बनाए रखें। पूरी प्रक्रिया धीमी गति से करें।
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