Top
Hari bhoomi hindi news chhattisgarh

कोरोना टेस्ट करवाने के बाद अपनी CT value जरूर पूछें, इससे पता चलता है मरीज की स्थिति कितनी गंभीर है

मरीज कोरोना के किस म्यूटेंट से इंफेक्टेड है यह पता लगाने के लिए RT-PCR टेस्ट का सहारा लिया जाता है। इंसान कोरोना पॉजिटिव है, इसके लिए सैंपल की सीटी वैल्यू चैक की जाती है। कोरोना वायरस का पता लगाने के लिए सीटी गिनना बहुत जरूरी होता है। इसके आधार पर ही कोविड रिपोर्ट पॉजिटिव है या नेगेटिव बताया जाता है।

कोरोना के मरीज घर पर रहकर ऐसे करें अपना इलाज, सरकार ने जारी की नई गाइडलाइन
X

कोरोना के मरीज घर पर रहकर ऐसे करें अपना इलाज, सरकार ने जारी की नई गाइडलाइन ( फाइल फोटो)

कोरोना वायरस की दूसरी लहर काफी तेजी से फैल रही है। लाखों लोग इसकी चपेट में आ चुके हैं। वहीं मरीज कोरोना के किस म्यूटेंट से इंफेक्टेड है यह पता लगाने के लिए RT-PCR टेस्ट का सहारा लिया जाता है। इंसान कोरोना पॉजिटिव है, इसके लिए सैंपल की सीटी वैल्यू चैक की जाती है। कोरोना वायरस का पता लगाने के लिए सीटी गिनना बहुत जरूरी होता है। इसके आधार पर ही कोविड रिपोर्ट पॉजिटिव है या नेगेटिव बताया जाता है।

कोविड टेस्ट के अंदर हमेशा सीटी वैल्यू दी जाती है। इंसान की सीटी वैल्यू कम होती है तो रोगी की हालत काफी गंभीर होती है। अगर सीटी थोड़ी ज्यादा होती है तो उसकी हालत गंभीर नहीं मानी जाती है। वहीं अगर RT-PCR टेस्ट में सीटी वैल्यू 35 होती है तो उस इंसान की रिपोर्ट को नेगेटिव मानी जाती है। यानी वह शख्स कोरोना पॉजिटिव नहीं है।

आपको बता दें कि आईसीएमआर की दिशा निर्देश बताते हैं कि RT-PCR टेस्ट के बाद तुरंत पता चल जाता है कि मरीज कोरोना पॉजिटिव है या नहीं। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि सीटी का मतलब है साइकिल थ्रेशहोल्ड, यह वायरस की मात्रा को जांचने का एक पैमाना है जो एक्सपर्ट द्वारा तय किया गया है।

Next Story