Top
Hari bhoomi hindi news chhattisgarh
Breaking

अगर अस्थमा से हैं पीड़ित, तो इन चीजों का सेवन रहेगा फायदेमंद

सर्दी और प्रदूषण भरे माहौल में अस्थमा पेशेंट्स की समस्या बढ़ जाती है। इस दौरान बहुत सावधानी बरतने के साथ डॉक्टर के द्वारा बताई गई दचाओं का सेवन जरूरी है। साथ ही इस दौरान आपकी डाइट कैसी हो, इस पर अमल करना भी आपको राहत दिला सकता है।

अगर अस्थमा से हैं पीड़ित, तो इन चीजों का सेवन रहेगा फायदेमंद

हमारे फेफड़ों और श्वांस नली में कई बार फ्लूड के बढ़ने से रुकावट आ जाती है, जिसकी वजह से श्वांस नली में अवरोध उत्पन्न होने से अस्थमा की समस्या होती है। अस्थमा का अटैक उस समय होता है, जब श्वांस नली में सिकुड़न आ जाती है और फेफड़ों को पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं मिलती, जिससे सांस लेने में दिक्कत महसूस होती है। सर्दी के दिनों में इस समस्या से बचने के लिए अपनी भोजन शैली में बदलाव करना चाहिए।

इनसे करें परहेज

अस्थमा से बचाव के लिए रिफाइंड फूड जैसे मैदे से बनी चीजों से खास परहेज रखना चाहिए क्योंकि इससे भी श्वसन नली में अवरोध पैदा होता है। आयुर्वेद में चावल को ठंडे खाद्य पदार्थों में रखा जाता है और इसे अस्थमा पेशेंट्स के लिए नुकसादेह माना गया है।

इसके अलावा दूध से बनी चीजें या दूध को भी कफ पैदा करने वाला माना जाता है और तली-भुनी चीजें, नमकीन, मट्ठी, जिनमें ट्रांसफैटी एसिड होता है, ये सभी श्वांस नली में अवरोध उत्पन्न करते हैं।

अस्थमा की स्थिति में केले से भी परहेज करना चाहिए, क्योंकि इसकी तासीर ठंडी होती है। मांसाहार भोजन में मसालेदार तले कबाब, फ्राइड फिश और तला हुआ चिकन भी नुकसानदेह होता है।

इनका करें सेवन

कुछ ऐसे खाद्य पदार्थ भी हैं, जो अपने औषधीय गुणों के कारण अस्थमा में राहत दिलाते हैं।

हल्दी

औषधीय गुणों से भरपूर हल्दी का इस्तेमाल भोजन का स्वाद बढ़ाने के लिए किया जाता है। इसके अलावा इसे शहद के साथ अगर खाया जाता है तो इसका औषधीय महत्व और बढ़ जाता है। यह एक पावरफुल एंटीसेप्टिक तो है ही साथ ही यह शरीर में कफ बनने से भी रोकती है।

शहद

आयुर्वेद में शहद को औषधीय गुणों से भरपूर माना जाता है। यह हमारी रोग-प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है और शरीर को हानि पहुंचाने वाले बैक्टीरिया का खात्मा करता है। यह कफ निवारक होने के साथ-साथ अस्थमा से प्रभावित बच्चों के लिए भी फायदेमंद होता है।

अदरक

अदरक का इस्तेमाल, सब्जी, सलाद और सूप बनाने में किया जाता है। कच्ची अदरक एक एंटीबायोटिक का काम करती है। इसका सेवन अस्थमा पेशेंट्स के लिए भी फायदेमंद होता है।

अंगूर का जूस

अंगूर का जूस शरीर में कफ बनने से रोकता है और इसके औषधीय गुण अस्थमा के रोगियों के लिए फायदेमंद होते हैं।

हर्बल चाय

जैस्मीन, काली मिर्च, पोदीना, तुलसी, यूक्लिप्टस इन सबकी पत्तियों से बनी हर्बल चाय अस्थमा में फायदेमंद होती है।

त्रिफला

त्रिफला में तीन जड़ी बूटियों, हरड़, बहेड़ा और आंवले का इस्तेमाल होता है, जो हमारी पाचन संबंधी समस्याओं को दूर करता है। आयुर्वेद के अनुसार हमारे शरीर में होने वाली बीमारियों का सीधा संबंध हमारी पाचन क्रिया से होता है। यदि पेट साफ हो तो दूसरी कई बीमारियां भी पास नहीं फटकतीं। इसलिए अस्थमा पेशेंट्स को भी त्रिफला का इस्तेमाल करने की सलाह दी जाती है।

अन्य सामग्री

काली मिर्च, मेथी, हींग, केसर, पाइन एप्पल जूस, मुनक्का, अंजीर, करेला ये सभी खाद्य पदार्थ अस्थमा में राहत पहुंचाते हैं।

Next Story
Top