Top
Hari bhoomi hindi news chhattisgarh
Breaking

जिला परिषद रोहतक के अध्यक्ष बने सतीश भालौठ, नवीन मालिक को एक वोट से हराया

रोहतक में कड़ी सुरक्षा के बीच विकास भवन में सोमवार को जिला परिषद के नए अध्यक्ष के लिए ईवीएम से चुनाव करवाया गया। जिसमें सतीश भालौठ जिला परिषद के अध्यक्ष चुने गए।

सोशल मीडिया पर उठी EVM को बंद करने की मांगईवीएम ( फाइल फोटो)

रोहतक में कड़ी सुरक्षा के बीच विकास भवन में सोमवार को जिला परिषद के नए अध्यक्ष के लिए ईवीएम से चुनाव करवाया गया। जिसमें सतीश भालौठ जिला परिषद के अध्यक्ष चुने गए। इन्होंने अपने प्रतिद्वंद्वी नवीन मलिक को एक मत से पराजित किया। भालौठ के पक्ष में सात और मलिक के पक्ष में छह पार्षदों ने मत डाले।

जिला परिषद के 26 साल के इतिहास में भालौठ गांव से दूसरी बार जिला परिषद का अध्यक्ष चुना गया है। इनसे पहले राजेश फौगाट भी चेयरमैन चुने गए थे। बलराज कुंडू से पहले राजेश फोगाट ही चेयरमैन रहे थे। अब सतीश भालौठ कौनसी पार्टी का दामन थामेंगे। इसको लेकर उन्होंने अभी कोई निर्णय नहीं किया है। वैसे कुछ समय पहले तक सतीश इनेलो में थे, लेकिन बाद में पार्टी को अलविदा कह दिया। इनका कहना है कि परिवार व नजदीकियों से सलाह-मशविरा करके ही पार्टी ज्वाइन करने का फैसला लिया जाएगा। सतीश दो बार गांव भालौठ के सरपंच की जिम्मेदारी निभा चुके हैं। एक बार खुद सरपंच बने तथा दूसरी बार जब मां सरपंच चुनी गई तो इन्होंने ही सरपंच का काम सम्भाला था। इसके अलावा कई और सरकारी विभाग में विभिन्न राजनीतिक पदों पर रह चुके हैं।

एकजुटता से मिली जीत

सतीश भालौठ को शुरू से ही छह पार्षदों का समर्थन हासिल था। इनके पक्ष में रितु फरमाणा, लाजवंती, सतीश भालौठ, जय प्रकाश, राजेंद्र कुमार उप प्रधान, धर्मवीर व लक्ष्मी देवी रही। सोमवार को करवाए गए मतदान में सतीश को सात ही वोट मिले। दूसरे उम्मीदवार नवीन मलिक को छह मत हासिल हुए। इनमें स्वयं नवीन मलिक, दिनेश, रिंकू देवी, राजीत, कमला देवी और निर्मला देवी शामिल रहीं। भालौठ गत 10 जनवरी को बैठक स्थगित होने के बाद ही अपने समर्थक छह पार्षदों को लेकर कूच कर गए थे। ताकि उनके गुट में विरोधी पक्ष सेंधमारी न करे। सुबह विकास भवन के कांफ्रेंस हाल में पहुंचने से पहले इस गुट के पार्षदों ने कैनाल विश्राम ग्रह में नेताओं से मुलाकात की।

ईवीएम से करवाया मतदान

मुख्य चुनाव अधिकारी अतिरिक्त उपायुक्त महेंद्रपाल ने बताया कि चुनाव के दौरान वार्ड न. 7 के पार्षद सतीश भालौठ को 7 पार्षदों ने समर्थन देते हुए जिला परिषद रोहतक का प्रधान चुना गया। जबकि उनके मुकाबले वार्ड 8 के पार्षद नवीन मलिक को छह मत प्राप्त हुए। उन्होंने बताया कि जिला परिषद के प्रधान पद के लिए चुनाव पारदर्शिता पूर्ण सम्पन्न किया गया, जिसमें सभी 13 वार्डों के पार्षदों ने अपने मत का प्रयोग किया। चुनाव के दौरान पारदर्शिता बरतते हुए मतदान के लिए ईवीएम का प्रयोग किया और समस्त चुनावी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी भी की गई।

ऐसे हुई सदन की कार्यवाही

पूर्व निर्धारित कार्यक्रम पर ठीक ग्यारह बजे सदन की कार्रवाई शुरू हुई। सदन में पहले सतीश गुट के पार्षदों ने प्रवेश किया। इसके बाद नवीन मलिक गुट कांफ्रेंस हाल पहुंचा। ठीक बारह बजे चुनाव अधिकारी एवं अतिरिक्त उपायुक्त महेंद्रपाल ने परिणाम घोषित किया और विजेता सतीश भालौठ को बधाई दी।

ये बोले नव निर्वाचित प्रधान

कांंफ्रेंस हाल में पत्रकारों से बातचीत करते हुए नव निर्वाचित अध्यक्ष सतीश ने कहा कि जनता की समस्या प्रशासन से हल करवाना ही उसकी प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि लोगों को गांव में स्वास्थ्य सेवाएं मुहैया करवाई जाएं। गांव के किसी भी पीएचसी और सीएचसी में जिला मुख्यालय की तरफ से जितनी भी दवाईयां भेजी जाती हैं, उनकी सूची संबंधित पार्षदों को उपलब्ध करवाने की मांग प्रशासन से की जाएगी। ताकि यह मालूम हो कि सके गांव में कितनी दवाइयां भेजी जा रही हैं।

शेष है एक साल

पंचायती राज संस्थाओं का कार्यकाल जनवरी फरवरी 2021 में पूरा होने जा रहा है। ऐसे में आम चुनाव इससे पहले ही करवाए जाएंगे। तब तक सतीश भालौठ अध्यक्ष की जिम्मेदारी निभाएंगे। एक बार सदन में बहुमत साबित होने के बाद एक साल तक अविश्वास प्रस्ताव नहीं लाया जा सकता है। वैसे भी भालौठ सभी को साथ लेकर चलने वाले व्यक्ति हैं। ऐसे में अविश्वास प्रस्ताव की नौबत भी नहीं आएगी।

Next Story
Top