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राम रहीम केस: पंचकूला सीबीआई कोर्ट में होगा बाबा के इन अपराधों का हिसाब-किताब

पंचकूला सीबीआई कोर्ट में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए राम रहीम की पेशी होगी।

राम रहीम केस: पंचकूला सीबीआई कोर्ट में होगा बाबा के इन अपराधों का हिसाब-किताब

डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख गुरमीत राम रहीम सिंह की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही है। दो साध्वियों से यौन शोषण मामले में राम रहीम इन दिनों रोहतक जेल में 20 साल की सजा काट रहे हैं।

'पूरा सच' के संपादक पत्रकार रामचंद्र छत्रपति और पूर्व डेरे के पूर्व सदस्य रंजीत सिंह की हत्या के मामले में राम रहीम के खिलाफ आज पंचकूला की सीबीआई कोर्ट में सुनवाई हुई।

कोर्ट इस मामले में 25 और 27 सितंबर को सुनवाई करेगा। सुनवाई के दौरान राम रहीम की पेशी कोर्ट में वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए हुई।

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सुनवाई को ध्यान में रखते हुए कोर्ट परिसर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। दोनों मामलों की सुनवाई के अलावा गुरमीत राम रहीम के पूर्व ड्राइवर खट्टा सिंह के दोबारा बयान देने की याचिका पर भी आज ही सीबीआई कोर्ट अपना फैसला सुनाएगी।

खट्टा सिंह ने 16 सितंबर को अदालत में अपील कर फिर से गवाही देने की बात कही थी। खट्‌टा सिंह का दावा है कि सिरसा डेरे में राम रहीम के इशारे पर कई हत्याएं की गईं। खट्टा सिंह 9 साल तक राम रहीम के ड्राइवर रहे हैं।

ये है पहला मामला

  • पहला मामला सांध्य दैनिक अखबार 'पूरा सच' के संपादक पत्रकार रामचंद्र छत्रपति से जुड़ा है।
  • 30 मई 2002 रामचंद्र ने अपने अखबार दो साध्वियों के साथ तथाकथित रूप से हो रहे दुराचार की खबर छापी थी।
  • 24 अक्टूबर 2002 को रामचन्द्र छत्रपति को गोलियों से छलनी कर दिया था।
  • 21 नवम्बर 2002 को छत्रपति की दिल्ली के अपोलो अस्पताल में मौत हो गई थी।
  • छत्रपति दिल्ली और चंडीगढ़ से से प्रकाशित कई समाचारपत्रों के लिए फ्रीलांसिंग का काम करते थे।

ये है दूसरा मामला

  • दूसरा मामला डेरे के पूर्व मैनेजर रंजीत की हत्या से जुड़े हैं।
  • डेरा प्रबंधन को रंजीत सिंह पर साध्वी का पत्र तत्कालीन प्रधानमंत्री तक पहुंचाने का शक था।
  • 10 जुलाई 2002 को डेरा प्रबंध समिति सदस्य रहे रणजीत सिंह की हत्या की गई थी।
  • राम रहीम का करीबी होने के नाते रणजीत को उसके पूरे काले कारनामे के बारे में जानकारी थी।
  • एक अज्ञात पत्र को प्रसारित करने में संदिग्ध भूमिका को लेकर उनकी हत्या कर दी गई थी।
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